विशाखा सादाबाद सीएचसी पर ड्यूटी करने अपनी स्कूटी से जा रही थीं। इस दौरान सादाबाद मार्ग पर अज्ञात वाहन की टक्कर से वह घायल हो गईं थीं। तभी से विशाखा कोमा में थी।
पिछले छह साल से कोमा में चल रहीं स्टाफ नर्स विशाखा दिवाकर ने 10 अप्रैल की सुबह नौ बजे दम तोड़ दिया। जनवरी में विशाखा के पिता की मौत हो गई थी।
विज्ञापन
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मुरसान पर तैनात नेत्र परीक्षण अधिकारी ननकेश कुमार विमल की पत्नी विशाखा दिवाकर पिछले छह माह से कोमा में चल रही थीं। ननकेश ने बताया कि उनकी पत्नी स्टाफ नर्स के पद पर तैनात थीं। वह 11 अप्रैल 2019 को सादाबाद सीएचसी पर ड्यूटी करने अपनी स्कूटी से जा रही थीं। इस दौरान सादाबाद मार्ग पर अज्ञात वाहन की टक्कर से वह घायल हो गईं थीं।
ननकेश के परिवार में तीन महीने के भीतर दो मौत हो चुकी हैं। 13 जनवरी को ननकेश के पिता रमेश डीलर हाथरस रोड पर दिल्ली पब्लिक स्कूल के सामने एक सड़क दुर्घटना में घायल हो गए थे और उनकी 18 जनवरी को उपचार के दौरान मौत हो गई थी।