कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन करने पहुंचे आशीर्वाद गार्डन के लोग। स्रोत : स्वयं
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आशीर्वाद गार्डन कॉलोनी में 90 लाख रुपये डाली गई नई ड्रेनेज लाइन निर्माण के महज एक महीने के भीतर ही धंस गई। इसके कारण पूरी कॉलोनी में सीवर और नाले का गंदा पानी भर गया है। इससे आक्रोशित लोगों ने मंगलवार को कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया।
लोगों ने कॉलोनी में किए गए विकास कार्य की जांच व समस्या के समाधान की मांग को लेकर मुख्यमंत्री के नाम डीएम को ज्ञापन भी सौंपा। प्रदर्शन में शामिल अजय भारद्वाज ने बताया कि 15वें वित्त आयोग की 90 लाख की निधि से सीवर लाइन डाली गई थी। लोगों ने ठेकेदार और नगर पालिका के अधिकारियों पर मिलीभगत का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पिछले तीन महीने से परेशान हैं, लेकिन न तो अधिकारी सुन रहे और न ही जनप्रतिनिधि।
घरों की नींव तक पहुंची आफत, रास्ते बंद
मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में निवासियों ने बताया कि घटिया निर्माण कार्य के कारण मैनहोल उफन रहे हैं और कॉलोनी में जलभराव की गंभीर स्थिति बन गई है। जलभराव के चलते लोगों के घरों की नींव क्षतिग्रस्त हो रही है। कॉलोनी के रास्ते पूरी तरह बंद हो चुके हैं। स्कूली बच्चों की पढ़ाई और लोगों की आवश्यक सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित कार्यदायी संस्था और नगर पालिका अधिकारियों को तुरंत मौका मुआयना कर समाधान कराने के निर्देश दिए। डीएम ने जांच का आश्वासन दिया।
हैंडओवर नहीं हुई कॉलोनी
प्रदर्शन के दौरान लोगों ने बताया कि आशीर्वाद गार्डन कॉलोनी पालिका को हैंडओवर नहीं हुई है। इस कारण सीवर लाइन का कार्य आनन-फानन कराया गया। इस संबंध में शासन में शिकायत भी हो चुकी है। इसलिए कॉलोनी की समस्या का समाधान नहीं हो रहा।