कस्बे के चार परिषदीय विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना (मिड डे मील) में सोमवार को रोटी-सब्जी की जगह विद्यार्थियों को तहरी वितरित की गई। साथ में एक-एक केला दिया गया। प्रधानाध्यापकों ने मामले की शिकायत खंड शिक्षाधिकारी से करने की बात कही है।
मोहल्ला किशन किला खेड़ा स्थित उच्च प्राथमिक विद्यालय, मोहल्ला अहीरान स्थित प्राथमिक विद्यालय नंबर एक, मोहल्ला अहीरान किलाखेड़ा स्थित प्राथमिक विद्यालय नंबर दो और बाण अब्दुलहईपुर मार्ग स्थित मोहल्ला किशन के प्राथमिक विद्यालय नंबर तीन में यही वितरण हुआ। इन चारों विद्यालयों में सोमवार को जब भोजन के पात्र खोले गए तो रोटी-सब्जी की जगह तहरी और फल में केले मिले।
बाबा नीब करौरी एनजीओ दयानतपुर संस्था को इन स्कूलों में एमडीएम वितरण की जिम्मेदारी मिली हुई है। उच्च प्राथमिक विद्यालय के प्रधानाध्यापक जितेंद्र सिंह, प्राथमिक विद्यालय नंबर एक के प्रधानाध्यापक दीपक शर्मा, प्राथमिक विद्यालय नंबर दो के प्रधानाध्यापक रवेंद्र पाल सिंह और प्राथमिक विद्यालय नंबर तीन के प्रधानाध्यापक सौरभ पाराशर ने कहा कि संस्था की ओर से मेन्यू के अनुसार रोटी-सब्जी की जगह सोमवार को तहरी भेजी गई। हर बार की तरह फल के नाम पर सस्ती दर के केले भेजे गए हैं।
प्रधानाध्यापकों के अनुसार पूछने पर एमडीएम वितरण की जिम्मेदारी संभाले बाबा नीब करौरी एनजीओ दयानतपुर के सुपरवाइजर दिनेश ने बताया कि सोमवार को मशीन खराब हो गई थी जिससे पूरा भोजन नहीं बन पाया था। इस पर हसायन के उक्त चारों विद्यालयों में तहरी भेजी गई है। खंड शिक्षाधिकारी को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
संस्था के मुनीम नवाब सिंह ने कहा कि वह बाहर थे। शाम में उन्हें मामले की जानकारी हुई है। उन्होंने दावा किया कि मेन्यू के अनुसार ही मिड डे मील वितरित किया गया है।