बिसावर क्षेत्र के गांव बिधिपुर और टीकैत के समीप कटी दघैंटा रजबहा की पटरी तीन दिन में भी दुरुस्त नहीं हो सकी। मंगलवार की सुबह तक रजबहा का पानी खेतों में बहता रहा। पटरी कटने से सैकड़ों बीघा फसलें जलमग्न हो गई है। इससे किसान काफी परेशान हैं।
नौ अक्तूबर को रजबहा में बिना सफाई के पानी छोड़ दिया गया। इसके चलते पटरी कट गी। इससे आसपास के खेतों में पानी भर गया। खजान सिंह, सौदान सिंह, वेदप्रकाश, दाऊदयाल वर्मा आदि किसानों की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। किसानों ने इसकी सूचना सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दी थी लेकिन अभी तक पटरी दुरुस्त नहीं हुआ है।
किसान दो दिन से लगातार सिंचाई विभाग के अफसरों से पटरी दुरुस्त करने की मांग कर रहे हैं लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई है। किसानों का आरोप है कि रजबहा में बिना सफाई और बिना सूचना के पानी छोड़ दिया जाता है।
इसके चलते किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ता है। इसे लेकर एसडीओ सिंचाई रनवीर सिंह ने बताया सोमवार को मशीन लगाई गई थी। पानी बंद ही करा दिया गया था लेकिन बारिश तेज होने की वजह से दोबारा खुल गया है। रजबहा का हेड बंद करा दिया गया है। बुधवार तक पानी भी बंद हो जाएगा।
नहर की सफाई किए बिना ही पानी छोड़ देने से हमारी कई बीघा बाजरा की फसल बर्बाद हो गई है। अब हमें हर्जाना कौन देगा।
- वेद प्रकाश गौतम, किसान
सफाई न होने के कारण बिधिपुर से टिकैत के बीच कई बार नहर की पटरी कट चुकी है लेकिन सिंचाई विभाग अभी तक अनजान बना बैठा है।
- चंद्रमोहन, किसान
कुदरत की मार से ही किसान की फसल बर्बाद हो चुकी थी। अगली फसल के लिए कुछ सोच रहे थे कि उससे पहले ही रजबहा की पटरी कट जाने से सारे अरमानों पर पानी फिर गया।
- तेरा सिंह, किसान
भले ही धान की फसल के लिए पानी की ज्यादा आवश्यकता होती है। लेकिन बे मौसम बरसात व ऊपर से रजबहा कट जाने से धान की फसल लबालब हो गई।
- खजान सिंह, किसान
सोमवार को मशीन लगवाई थी। पटरी भी बंद भी करा दिया गया था लेकिन बारिश तेज होने की वजह से दोबारा खुल गया है। ऊपर से हेड बंद कर दिया गया है। बुधवार तक पटरी दुरुस्त हो जाएगी।
- रनवीर सिंह, एसडीओ सिंचाई