दूध का नमूना लेती खाद्य विभाग की टीम।
- फोटो : Amar Ujala
एसडीएम जयप्रकाश के साथ खाद्य सुरक्षा विभाग और पुलिस प्रशासन की टीम ने गुरुवार को सादाबाद कस्बे में छापामार कार्रवाई की। कस्बे में मुरसान रोड पर पैक्ड ड्रिकिंग वॉटर के एक प्लांट पर कार्रवाई के दौरान हंगामा हो गया।
यहां काफी लोगों की भीड़ जुट गई। मौके से पानी और दूध के तीन नमूने संग्रहित कर लिए गए। टीम की छापेमार कार्रवाई की भनक लगते ही सादाबाद में अवैध तरीके से चल रहे पानी के कई अन्य प्लांटों पर भी ताले पड़ गए। निरीक्षण के दौरान एसडीएम को दो पानी के प्लांट बंद मिले। एक प्लांट पर एक्सपायर्ड लाइसेंस मिला।
गौरतलब हो कि सादाबाद में अवैध रूप से पानी का कारोबार बड़े पैमाने पर हो रहा है। कस्बा व देहात में कई पानी के प्लांट खुल गए हैं। इन प्लांट संचालकों ने कस्बे में अपने कई जगह बिक्री केंद्र भी बना रखे हैं। यहीं से दुकानों पर पानी की सप्लाई की जाती है। एसडीएम को काफी दिनों से इसकी शिकायतें मिल रही थीं। गुरुवार को एसडीएम जयप्रकाश ने खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम को सादाबाद बुलाया।
टीम के साथ एसडीएम ने मुरसान रोड स्थित जगदेव चौधरी पुत्र अरविंद सिंह के पैक्ड ड्रिंकिंग वॉटर प्लांट पर छापा मारा। करीब आधा घंटे तक पूरी टीम धूप में बाहर खड़ी रही, लेकिन प्लांट का गेट नहीं खुला तो एसडीएम ने मौके पर एसओ केपी सिंह और पुलिस फोर्स को बुला लिया। पुलिस के पहुंचने के बाद ही प्लांट का गेट खुल सका। बताते हैं कि टीम से प्लांट मालिक की नोंकझोंक हो गई। काफी हंगामा भी हुआ। मौकेे पर पानी के पैक्ड पाउच ही नहीं, बल्कि यहां दूध भी काफी मात्रा में मिला। मौके से टीम ने दूध के दो और पानी का एक नमूना संग्रहित कर लिया। खाद्य सुरक्षा महकमे की टीम में एफएसओ सुरेश कुमार चौरसिया, राकेश कुमार और मुनेंद्र सिंह राना ने बताया कि मौके पर खाद्य लाइसेंस भी टीम को नहीं मिला। नमूनों को जांच के लिए लखनऊ लैब भेज दिया गया है।
इसके अलावा एसडीएम ने कस्बे की प्रकाश नगर कॉलोनी और हाथरस रोड स्थित दो अन्य पानी के प्लांटों पर छापा मारा, जो कि बंद मिले। इन पर बाहर से ताला लगा हुआ था। एसडीएम कोर्ट के सामने स्थित एक अन्य पानी के प्लांट पर भी एसडीएम ने छापा मारा। यहां जब जांच की गई तो तीन महीने पहले एक्सपायर हो चुका खाद्य लाइसेंस मिला। प्लांट संचालक को एसडीएम ने लाइसेंस बनवाकर नियमानुसार कारोबार करने की चेतावनी दी। एसडीएम ने बताया कि अब अवैध रूप से पानी का कारोबार करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।