सादाबाद। क्षेत्र की ग्राम पंचायत कूपा में बुधवार की रात को शीतकालीन दौरे के तहत जिलाधिकारी शमीम अहमद ने पूरे जिले के अधिकारियों के साथ जनता दरबार लगाकर लोगों की समस्याएं सुनी। ग्राम पंचायत में हुए विकास कार्यो की समीक्षा की। साथ ही ग्रामीणों से उसकी पुष्टि भी की।
जनता दरबार में क्षेत्रीय लेखपाल द्वारा खतौनी पढ़कर सुनायी गयी जिसमें विरासत के मामलों को दर्ज होने की पुष्टि गांव के लोगों से करायी गयी। इस मौके पर गांव के पूर्व प्रधान राजेश कुमार ने वहां मौजूद लेखपाल पर आरोप लगाया कि उसने दाखिल खारिज के नाम पर उससे ढाई हजार रूपए वसूल किए। ग्राम पंचायत कूपा में जिलाधिकारी ने आंगनबाड़ी केन्द्रो को चला रहीं कार्यकत्रिओं को बुलाकर जानकारी लेते हुए लोगों से आंगनबाड़ी केन्द्रों के कार्य के बारे मे जाना। इसी दौरान कूपा निवासी चरन सिंह ने कहा कि पंजीरी बच्चों को न बांटकर पशुपालकों को बेच दी जाती है। जिलाधिकारी द्वारा स्वास्थ्य विभाग एवं शासन द्वारा गर्भवती महिलाओं एवं नवजात शिशुओं के लिए चलायी जा रही योजनाओं की जानकारी दी और योजनाओं का लाभ उठाने को ग्रामीणों से कहा। उन्होंने कहा कि गर्भवती महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान सही उपचार व सभी सुवधिाएं मिलेंगी तो बच्चे भी स्वस्थ होंगे तथा बीमारियों से मुक्त रहेंगे। गांव में शौचालय निर्माण एवं गांव मे चालू एवं खराब पड़े हेडपम्पों की जानकारी ली। वहीं जिला विकलांग अधिकारी, जिला समाजकल्याण अधिकारी, जिला अल्पसंख्यक अधिकारी ने गांव में विकलांग, विधवा, वृद्धावस्था एवं समाजवादी पेंशन प्राप्त करने वालों की सूची पढ़कर सुनायी। जिलाधिकारी ने संबधित विभागों के अधिकारियों से कहा कि विधवा महिलाओं एवं विकलांग लोगों के और फार्म भरवाकर उन्हें पेंशन दी जाए। जिला विंकलाग कल्याण अधिकारी ने बताया कि शासन द्वारा शारीरिक रूप से 40 प्रतिशत से ऊपर विकलांग युवक या युवती या विकलांग के साथ विवाह करने वालों को शासन की ओर से 20 हजार रूपए का अनुदान दिया जाएगा तथा उन्हें रोजगार दुकान योजना के तहत दुकान या व्यापार चलाने के लिए 10 हजार रूपए का ऋण भी दिया जाएगा जिसमें ढाई हजार रूपए का अनुदान होगा। इसके अलावा जिलाधिकारी द्वारा विभिन्न योजनाओं के बारे मे भी ग्रामीणों को जानकारी दी। इस दौरान एडीएम, सीडीओ, सीएमओ, एक्सईन हाईडल, डीएमओ, डीएचओ, डीआईओएस, बीएसए, एसडीएम वैभव मिश्रा, चिकित्साधीक्षक डॉ. यूवी सिंह, जिला पंचायत अधिकारी सहित जिले के अधिकांश अधिकारी व कर्मचारी मौजूद थे।