कांशीराम कॉलोनी जलेसर रोड की अनदेखी के चलते लोग गंदगी के बीच रहने के लिए मजबूर हैं। गंदगी की समस्या को लेकर शुक्रवार को स्थानीय लोगों में रोष उत्पन्न हो गया। लोगों ने नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
कुछ लोग जाम लगाने के लिए सड़क तक पहुंच गए, लेकिन पुलिस के मौके पर पहुंचने से जाम नहीं लग सका। पुलिस ने लोगों को समझा-बुझाकर मामला शांत कर दिया। लोगों का कहना था कि घरों के आगे और पीछे सिल्ट बहती रहती है।
भीषण बदबू के कारण हाल-बेहाल है। कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। नियमित कूड़ा भी नहीं उठता। नालियाें का गंदा पानी हर समय बहता रहता है। खुद ही नालियों को साफ करना पड़ रहा है। नगर पालिका प्रशासन को कई बार अवगत कराया है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही, इसलिए सड़क पर जाम लगाने के लिए पहुंचे हैं।
यदि शीघ्र ही नगर पालिका में सफाई अभियान नहीं चलवाया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। प्रदर्शन करने वालों में वीरेंद्र, आजाद, गुरुकृपाल, अजय कुमार, बाबूलाल, लालू, रिंकू, प्रदीप, अजीत, ध्रुव, सोहिल, शहीद, अमित आदि थे।
- कांशीराम कॉलोनी नगर पालिका क्षेत्र में नहीं है, फिर भी सफाई कर्मियों का गैंग लगाकर कूड़ा उठवाया जा रहा है। यदि कॉलोनी के किसी ब्लॉक की सफाई नहीं हुई तो वहां भी कराई जाएगी।
- डौली माहौर, चेयरमैन हाथरस
वहीं बलराम कॉलोनी जलेसर रोड पर पूरी सड़क का निर्माण कराए जाने से पूर्व ही नगर पालिका का पत्थर लगाने पहुंचे ठेकेदार को स्थानीय लोगों ने भगा दिया। लोगों का आरोप था कि पत्थर पर जलेसर रोड कॉलोनी में सोनू की दुकान से शमशान होते हुए सैयद बाबा तक सीसी इंटरलॉकिंग टाइल्स सड़क का निर्माण दर्शाया गया है। नगर पालिका के पत्थर में जो दर्शाया जा रहा है, वह गलत है। सड़क अभी अधूरी है और इससे पहले ही पत्थर लगाकर सड़क का लोकार्पण गलत तरीके से हो रहा है।
इसी बात पर लोगों में रोष उत्पन्न हो गया और हंगामा करना शुरू कर दिया। शिलापट्टिका लेकर पहुंचे ठेकेदार और कर्मचारियों को लोगों ने भगा दिया। हंगामे की जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंच गई और लोगों को समझा-बुझाकर शांत करा दिया।
स्थानीय लोगों ने नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन भी किया। लोगों ने कहा कि शिला पट्टिका तभी लगने दी जाएगी जब पूरी सड़क का निर्माण करा दिया जाएगा। प्रदर्शन करने वालों में सोनू, विकास, दीपक, गुड़िया, सीमा, सीता, शीला, सुशीला, रानी, धर्मवती, ओमवती, अनुज, रामेश्वर, योगेश आदि शामिल थे।
- बलराम कॉलोनी में आपसी विवाद और अतिक्रमण के चलते पूरी सड़क का निर्माण नहीं हो पाया था। कॉलोनी के कुछ लोग चाहते हैं पूरी सड़क बने, जबकि कुछ इसका विरोध कर रहे थे। यदि लोग आकर मिलें तो पूरी सड़क का निर्माण कराया जाएगा।
- डौली माहौर, चेयरमैन हाथरस