सरकार के सख्त रुख को देखते हुए जिला प्रशासन ने लेखपालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रशासन ने अस्थायी रूप से तैनात सभी 70 लेखपालों को बर्खास्त करने के आदेश जारी किए हैं। एडीएम ने सभी उपजिलाधिकारियों को लेखपालों के बस्ते जमा कराने के लिए नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। इससे पूर्व प्रशासन ने लेखपाल संघ के सभी पदाधिकारियों को निलंबित कर दिया था।
अपर जिलाधिकारी रेखा एस चौहान ने बताया कि सरकार के एस्मा लागू करने के बाद लेखपालों के इस आंदोलन को अवैध घोषित किया जा चुका है, लेकिन लेखपालों का आंदोलन जारी है। इस आंदोलन में जिले में अस्थायी नियुक्ति वाले नए लेखपालों को बर्खास्त करने के लिए एसडीएम को निर्देश दिए गए हैं। इनमें 66 सीधी भर्ती वाले एवं चार मृतक आश्रित के रूप में तैनात हुए थे। उन्होंने बताया कि नए लेखपालों के खिलाफ प्रथम चरण में यह कार्रवाई इसलिए की जा रही है कि वह जिला प्रशासन के निर्देशों के बावजूद आंदोलन में लगातार भागीदारी कर रहे हैं।
अब सरकार के निर्देश पर लेखपालों के बस्ते जमा कराने के लिए सभी एसडीएम को निर्देश दिए गए हैं। लेखपाल नोटिस के बाद भी बस्ता जमा नहीं करते हैं, तो पुलिस की मदद लेकर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि लेखपाल अगर काम पर नहीं लौटे तो सभी की बर्खास्तगी की कार्रवाई प्रस्तावित की जाएगी।