जो अधिकारी जनता के हित में कार्य नहीं करेगा, उसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे अधिकारियों को निलंबित ही नहीं किया जाएगा, बल्कि उनके खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज कराई जाएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कुछ दिन पहले ही इस प्रकार के अधिकारियों के मुंह काले करने की बात कह चुके हैं। उन्होंने कहा कि सांसद 12 लाख मतदाताओं का प्रतिनिधित्व करते हैं। यदि उनकी बात नहीं मानी जाएगी तो अधिकारियों के खिलाफ और कठोर कार्रवाई होगी।
ये बातें हाथरस जिले के प्रभारी मंत्री उपेंद्र तिवारी ने गुरुवार को लोक निर्माण विभाग के अतिथिगृह में पत्रकार वार्ता में कोतवाल सासनी के निलंबन पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए कहीं। उन्होंने कहा कि संगठन के लोगों एवं पार्टी पदाधिकारियों का दायित्व है कि वह जनता की समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों से मिलें। अगर इस दौरान उनके साथ कोई अधिकारी बदसलूकी करता है तो उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सांसद राजेश दिवाकर ने भी बताया कि भाजपा सरकार होते हुए भी कोतवाल सासनी माफिया के साथ मिलकर सासनी में सपा की सरकार चला रहा थे। उनके द्वारा संगठन से जुड़े कई लोगों की समस्याओं के बारे में बात की गई तो वह मेरा फोन रिसीव नहीं करते थे। उनके फोन को टेप कर गलत तरीके से जनता में प्रचारित करते थे।
उन्होंने कहा पीएम और सीएम के स्वच्छ भारत मिशन को जिले में 31 दिसंबर तक पूरा कर लिया जाएगा। डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने सरकार में दायित्व मिलने के बाद प्रदेश अध्यक्ष का पद छोड़ा है। इसके बाद संगठन की जिम्मेदारी महेंद्रनाथ पांडेय को दी गई है। जिले में संगठन में फेरबदल के बारे में उन्होंने कहा कि यह कार्य संगठन के लोगों का है। वह संगठन को मजबूती देने के लिए जो भी सही होगा, निर्णय लेंगे। हमारी सरकार सबके साथ सबके विकास के लिए काम कर रही है। समाज कल्याण विभाग की कोई योजना बंद नहीं की गई है। इन योजनाओं को पारदर्शिता पूर्ण तरीके से लागू किया जाएगा। उन्होंने शहर की सफाई का मुद्दा उठने पर ईओ को शहर की विधिवत रूप से सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के आदेश दिए।