करीब 11.15 बजे पुलिस की वर्दी पहले दो बदमाश गांव में पहुंचे और रैकी की। बदमाशों ने आवाज लगाई। नरेंद्र उर्फ तोताराम की पत्नी प्रेमवती उठी तो उन्होंने पूछा कि चंद्रपाल के घर जाना है, उसका घर कहां है। इस पर प्रेमवती ने पूछा कि ठाकुर या बघेल, किस बिरादरी के चंद्रपाल के घर जाना है। फिर दोनों बिरादरी के चंद्रपाल के बारे में जानकारी दी। इसके बाद वह कुछ देर गांव में घूम-फिरकर चले गए। करीब 15 मिनट बाद वह फिर तोताराम के घर पहुंचे और वारदात को अंजाम दिया।
35 दिन में पुलिस वर्दीधारी गिरोह की दूसरी वारदात
सासनी कोतवाली क्षेत्र के गांव खेड़ा फिरोजपुर में भी 10 अक्तूबर की रात बदमाशों ने खुद को पुलिस बताकर वारदात की थी। गांव में प्लॉट में सो रहे बुजुर्ग को तमंचे के बल पर बंधक बना लिया था और उनकी जेब में रखे 1770 रुपये और घेर में बंधी उनकी तीन भैंसों को खोल ले गए थे। इस मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था।