उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ ने 15 नवंबर को प्रदेशव्यापी धरना-प्रदर्शन करने का ऐलान किया है। संघ ने चेतावनी दी है कि यदि लेखपाल संवर्ग की लंबित मांगों और समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो यह आंदोलन और तेज किया जाएगा। यह धरना प्रदेश की सभी तहसीलों में होगा।
संघ के प्रदेश महामंत्री विनोद कुमार कश्यप ने मुख्य सचिव को पत्र लिखकर इस संबंध में सूचना दी है। संघ का कहना है कि पिछले छह वर्षों से लेखपाल संवर्ग और संगठन की उपेक्षा की जा रही है। नौ वर्षों में सैकड़ों पत्राचार, वार्ताएं और कई कार्रवाई के बावजूद उनकी लंबित मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया है।
लेखपाल संघ ने पांच अक्तूबर 2025 को हुई प्रांतीय बैठक में आंदोलन का निर्णय लिया था। इसके बाद 13 अक्तूबर और 27 अक्तूबर को भी पत्र भेजे गए थे। एक नवंबर को तहसील समाधान दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन भी दिया गया था, जिसमें 15 नवंबर से आंदोलन करने की बात कही गई थी। संगठन के लोगों का कहना है कि यदि धरने के बाद भी उनकी समस्याओं का समाधान नहीं होता है तो वे अतिरिक्त क्षेत्र छोड़ने, कार्य बहिष्कार करने, मंत्रियों, विधायकों और सांसदों के आवासों पर प्रदर्शन करने व राजस्व परिषद व विधानसभा पर प्रदर्शन जैसे बड़े आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।