मुरसान थाना समाधान दिवस में पीड़ित किसान ने लेखपाल की शिकायत कर दी। लेखपाल से पूरे मामले की जानकारी लेने के दौरान डीएम उनसे सवाल पूछने लगे। करीब 15 मिनट तक सवाल जवाब हुए। इसमें लेखपाल शिकायतकर्ता को दोषी बताने लगा। इसे लेकर डीएम की त्यौरियां चढ़ गईं।
हाथरस के थाना मुरसान में समाधान दिवस के मौके पर जमीन के विवाद को लेकर पहुंचे पीड़ित किसान की शिकायत पर डीएम ने लेखपाल को कार्यमुक्त कर दिया। किसान ने जमीन पर कब्जा करने की शिकायत की थी। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित लेखपाल से जानकारी ली। जिलाधिकारी द्वारा जब लेखपाल अवधेश कुमार से सवाल जवाब किए गए तो वे संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। लेखपाल के रवैये को लेकर डीएम का पारा चढ़ गया और उन्होंने तत्काल एसडीएम से कहा कि लेखपाल को कार्यमुक्त कर जांच की जाए। कुछ देर बाद ही एसडीएम ने लेखपाल को कार्यमुक्त कर दिया।
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थाना दिवस के दौरान पीड़ित किसान सुनहरी लाल अपनी फरियाद लेकर डीएम राहुल पांडेय के समक्ष पेश हुआ। उन्होंने कहा कि मुरसान नगर पंचायत के निकट में उनकी पैतृक जमीन है। जिसमें करीब दो बीघा पर एक व्यक्ति कब्जा करने की कोशिश कर रहा है। उनकी दीवार को भी आरोपी ने क्षतिग्रस्त कर दिया था। सुनहरी लाल का कहना है कि 20 अप्रैल को आरोपी अपने साथ लेखपाल अवधेश कुमार को लेकर खेत पर आए थे। उन्हें लेखपाल के सामने ही आरोपियों ने धमकाया था। लेखपाल भी आरोपियों के पक्ष में बोल रहे थे।
इस शिकायत को सुन डीएम ने तत्काल मौके पर मौजूद लेखपाल अवधेश से जानकारी हासिल की। लेखपाल से पूरे मामले की जानकारी लेने के दौरान डीएम उनसे सवाल पूछने लगे। करीब 15 मिनट तक सवाल जवाब हुए। इसमें लेखपाल शिकायतकर्ता को दोषी बताने लगा। इसे लेकर डीएम की त्यौरियां चढ़ गईं। डीएम ने तत्काल मौके से ही एसडीएम सदर नीरज शर्मा को लेखपाल को कार्यमुक्त कर जांच करने के निर्देश दिए। बताया जा रहा है कि लेखपाल पर करीब 16 गांव का कार्य क्षेत्र था। एसडीएम नीरज शर्मा का कहना है कि जिलाधिकारी के निर्देश के क्रम में लेखपाल अवधेश कुमार को कार्यमुक्त कर दिया गया है।