फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Hathras News: जवाहर नवोदय विद्यालय के बच्चे सड़क पर उतरे, प्रबंधन पर लगाए गंभीर आरोप

Mon, 28 Jul 2025 10:10 AM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस

सार

बच्चों का कहना है की दवा के नाम पर केवल पेरासिटामोल की टेबलेट दी जाती है। अच्छी कोई दवा बच्चों के लिए उपलब्ध नहीं है। बीमारी में फल नहीं मिलते हैं। बच्चों को विद्यालय प्रबंधन सारे नियमों का पालन करने के लिए मजबूर करता है। बिजली न आने से गर्मी में बच्चे पूरी रात सोने की जगह जागते हैं तो सुबह पांच बजे उठ करके परेड और अन्य शारीरिक व्यायाम के लिए कैसे आ जाएं।
विज्ञापन
जवाहर नवोदय विद्यालय के परेशान छात्र - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हाथरस जनपद में सिकंदराराऊ के गांव अगलोसी में स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय में अव्यवस्थाओं पर 28 जुलाई को छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। छात्र विद्यालय की टूटी चहारदीवारी से बाहर निकल आए और तहसील की ओर कूच कर दिया। करीब तीन किलोमीटर आगे मथुरा-बरेली हाईवे पर गांव खेमगढ़ी टोल प्लाजा के पास पुलिस ने रोक दिया। इसके बाद ये सड़क पर ही बैठ गए।

विज्ञापन


करीब साढ़े तीन घंटे तक भीषण गर्मी में यह सड़क पर ही बैठे रहे, इस दौरान कक्षा छह और सात के छात्रों की उम्र कम थी और गर्मी में उनकी हालत बिगड़ रही थी। कुछ छात्र सड़क पर ही लेट गए थे।। बाद में एडीएम और एएसपी ने इनसे वार्ता की, विद्यालय जाकर जांच करने का भरोसा दिया। इसके बाद दोनों अधिकारी इन्हें लेकर विद्यालय चले गए।
विज्ञापन


यह विद्यालय कासगंज-बरेली मार्ग पर गांव अगसोली पचो मंदिर के पास स्थित है, इसकी चहारदीवारी टूटी हुई है। इसी से कक्षा छह से 12 तक के सैकड़ों छात्र बाहर निकल आए और नारेबाजी करते हुए तहसील की ओर चल दिए। इनका कहना है कि विद्यालय में अव्यवस्थाएं हावी हैं। एक तो बिजली कम आती है, दूसरे बिजली आती भी है, पंखों की हालत इतनी खराब है कि वह हवा नहीं देते। जेनरेटर भी विद्यालय में नहीं चलता।
 

विज्ञापन

छात्रों के मार्च की सूचना पर एसडीएम धर्मेंद्र सिंह पुलिस के मौके पर पहुंचे। तब तक छात्र विद्यालय से करीब तीन किलोमीटर आगे टोल प्लाजा तक आ चुके थे। पुलिस ने इन्हें रोकना शुरू किया तो छात्र भड़क गए और सड़क पर नारेबाजी करने लगे। इस दौरान कांवड़िये भी यहां से गुजर रहे थे। बाइकों और गाड़ियों में डीजे लेकर जा रहे कांवड़ियों के रेले से कोई हादसा न हो जाए, एसडीएम ने छात्रों को बराबर में बन रही निर्माणाधीन सड़क पर जाने के लिए कहा। उन्होंने कुछ छात्रों को उधर की ओर धकेला भी, इसके बाद छात्र उधर जाकर बैठ गए और नारेबाजी करने लगे। ये डीएम को मौके पर बुलाने की मांग कर रहे थे।
एसडीएम ने समझाया कि वह उनकी समस्याओं पर प्रधानाचार्य से बात करेंगे। स्कूल का निरीक्षण भी करेंगे, लेकिन छात्र नहीं माने। करीब तीन घंटे बाद सोमवार सुबह साढ़े 11 बजे एडीएम वित्त एवं राजस्व वसंत अग्रवाल और अपर पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार इनके बीच पहुंचे और समझाया। दोनों अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि स्कूल का निरीक्षण कर अपनी रिपोर्ट डीएम को देंगे और समस्याओं का समाधान कराएंगे।

 इसके बाद छात्र मान गए और अधिकारियों के साथ विद्यालय पहुंचे।बाद में छात्रों को पुलिस की गाड़ियों से स्कूल भिजवाया गया। एडीएम वित्त एवं राजस्व डॉ. बसंत अग्रवाल ने विद्यालय परिसर में पहुंचकर छात्रों की समस्या सुनीं। उन्होंने बताया कि मौके पर कुछ समस्याओं का समाधान करा दिया गया है। विद्यालय प्रशासन को जल्द ही सभी समस्याओं के निस्तारण कराकर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें