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Hathras News: चेता स्वास्थ्य विभाग, चार क्लीनिक बंद कराए

Wed, 08 Jul 2026 02:16 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
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सासनी के लुटसान में पैथोलॉजी लैब को बंद कराती स्वास्थ्य विभाग की टीम। स्रोत : विभाग - फोटो : Department
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जिले में अवैध रूप से स्वास्थ्य सेवाएं देने वाले झोलाछाप और फर्जी क्लीनिक संचालकों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को बड़ा हंटर चलाया। टीम ने जिले में चार अवैध क्लीनिकों को बंद करा दिया।
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अमर उजाला में चार जुलाई के अंक में प्रकाशित खबर के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने हसायन, सासनी और सहपऊ ब्लॉक में ताबड़तोड़ छापा मारा। कार्रवाई से जिले भर के अवैध क्लीनिक संचालकों और झोलाछापों में खलबली मच गई।
हसायन क्षेत्र में टीम ने कई संदिग्ध क्लीनिकों को खंगाला, जहां भारी कमियां मिलने पर तत्काल एक्शन लिया गया। टीम शिव शक्ति क्लीनिक पर पहुंची। निरीक्षण के समय क्लीनिक खुला मिला। संचालक किशनपाल सिंह ने बताया कि डॉ. आदिल अंसारी पिछले तीन दिनों से गायब हैं और फोन भी नहीं उठा रहे हैं।
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संचालक को चेतावनी देते हुए दो दिन में साक्ष्य समेत कार्यालय में उपस्थित होने का निर्देश दिया गया। अगले निरीक्षण में चिकित्सक न मिलने पर क्लीनिक सील करने की चेतावनी दी गई।

हसायन के गढ़ौला चौराहा स्थित डॉक्टर गौतम के क्लीनिक को पूर्व में दिए गए नोटिस का जवाब न देने और लापरवाही के कारण क्लीनिक को मौके पर ही बंद करा दिया गया। हसायन की मुख्य सड़क स्थित श्रीमती कपूरी देवी क्लीनिक एवं डिलीवरी सेंटर को नोटिस जारी कर तत्काल कार्यालय में चिकित्सकीय अभिलेख और पंजीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
रेलवे क्रॉसिंग हसायन रोड पर डाॅ. कांती प्रसाद के क्लीनिक को भी बंद कराया गया और पंजीकरण से संबंधित दस्तावेज कार्यालय में प्रस्तुत करने को कहा गया है।



टीम सासनी में जलेसर रोड लुटसान स्थित ड्रीम्स केयर पैथोलॉजी पहुंची। यहां मौजूद मिले देवेंद्र कुमार ने खुद को डीएमएलटी बताया, लेकिन पैथोलॉजी के चिकित्सक और सीएमओ कार्यालय से जारी पंजीकरण प्रमाण पत्र के बारे में कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके, जिसके बाद इस पैथोलॉजी को भी बंद करा दिया गया।

सासनी में भी नानऊ रोड पर मनोसा देवी इलेक्ट्रोहोम्योपैथी क्लीनिक के संचालक द्वारा अभिलेख घर पर होने का बहाना बनाने पर टीम ने नोटिस निर्गत कर जल्द से जल्द पंजीकरण प्रमाणपत्र कार्यालय में जमा करने के निर्देश दिए। दरियापुर में बालगोपाल प्राकृतिक चिकित्सालय क्रियाशील मिला।
इस चिकित्सालय से जब अभिलेख मांगे गए, तो संचालक नहीं दिखा सके। इन्हें भी नोटिस देकर कार्यालय तलब किया गया है। सहपऊ के मानिकपुर में डॉ. कोमल सिंह और एक अन्य दुकान पर डॉ. अकरम सुलेमानी द्वारा चिकित्सकीय कार्य किया जा रहा था। अभिलेख और पंजीकरण प्रमाण पत्र न होने के कारण दोनों ही प्रतिष्ठानों को टीम ने तत्काल प्रभाव से बंद करा दिया।





आम लोगों की जान से खिलवाड़ करने वाले झोलाछाप या अवैध क्लीनिक संचालकों को बख्शा नहीं जाएगा। कुछ क्लीनिक को नोटिस देकर दस्तावेज दिखाने का समय दिया गया है। दस्तावेज न दिखाए जाने पर इन्हें भी बंद किया जाएगा। जिले में यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
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-डाॅ. वेदप्रकाश अग्रवाल, सीएमओ
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