न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुरसान/हाथरस।
मुरसान क्षेत्र के गांव दर्शना में शनिवार की दोपहर को पूर्व ऊर्जा मंत्री व विधायक सादाबाद रामवीर उपाध्याय के सामने खासा हंगामा खड़ा हो गया। एक युवक ने उनका काफिला रोक लिया और उसके भाई ने अपने ऊपर केरोसिन डालकर आग लगा ली। इनका आरोप था कि उपाध्याय उस पर दो दिन पहले हुए झगड़े में समझौता कराने के लिए दबाव बना रहे थे और उनके पीए ने उसके साथ मारपीट की है। यह युवक खुद ही फेसबुक पर लाइव भी करने लगा। स्थिति बिगड़ती देख उपाध्याय अपने काफिले के साथ वहां से चले गए। वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने हंगामा कर रहे लोगों को समझा-बुझाकर शांत किया। इस मामले में थाना मुरसान में तहरीर दी गई है। कई थानों का पुलिस बल भी मौके पर पहुंच गया।
मुरसान क्षेत्र के गांव दर्शना में 31 दिसंबर को महेश कुमार कौशिक पुत्र मुन्नालाल के घर के निकट मंदिर में बकरी घुस आई थी। इसे लेकर उसके परिजनों का दूसरे समुदाय के लोगों से झगड़ा हो गया था। इस मारपीट में महेश व उसके भाई योगेश और सोमेश के अलावा उसकी मां मंजूदेवी के चोटें आई थीं। पुलिस ने इस मामले आलम खां सहित पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। इस पक्ष के तीन लोगों को शांति भंग करने के आरोप में गिरफ्तार भी किया गया था। मामला चूंकि अलग-अलग समुदायों का था, इसलिए वहां गारद भी तैनात कर दी गई थी। शनिवार की दोपहर को पूर्व ऊर्जा मंत्री व सादाबाद विधायक रामवीर उपाध्याय गांव दर्शना पहुंचे और वह दोनों पक्षों के लोगों के मिले। जब उपाध्याय अपनी गाड़ी में बैठे ही थे कि इस दौरान महेश उनके काफिले के सामने आ गया और हंगामा करने लगा।
उसका आरोप था कि रामवीर उपाध्याय उस पर समझौते के लिए दबाव बना रहे थे और उनके पीए रानू पंडित ने उनके साथ मारपीट की है। इस दौरान उसका दूसरा भाई योगेश भी वहां आ गया और उसने मिट्टी का तेल छिड़क कर आग लगा ली। इससे वहां आग की लपटें निकलने लगीं। हालांकि उसकी जैकेट में लगी आग चंद मिनट बाद बाद ही बुझ गई। देखते ही देखते हंगामा खड़ा हो गया। हालांकि चंद मिनट में ही आग बुझ गई। महेश ने इसे फेसबुक पर लाइव भी शुरू कर दिया। इस दौरान रामवीर उपाध्याय अपने काफिले के साथ वहां से चले गए। वहां मौजूद पुुलिसकर्मियों ने स्थिति संभाली। सूचना मिलते ही कई थानो का पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। इसके बाद वहां कुछ भाजपा नेता भी पहुंच गए। दो दिन पहले हुए झगड़े का जिक्र करते हुए आरोप महेश के भाई सोमेश का कहना है कि पूर्व मंत्री उसके घर पर आए और फैसला करने की कहने लगे। हमने फैसला करने से मना कर दिया तो उनके सहयोगी रानू पंडित ने गाली-गलौज की और मारपीट की। इसे लेकर तहरीर भी मुरसान थाने में दी गई है।
इस मामले में तहरीर मिल गई है। इसकी जांच की जा रही है। वैसे मारपीट और आग लगने जैसी कोई घटना नहीं हुई है।
-शिवकुमार शर्मा, कोतवाली निरीक्षक मुरसान
मैं शनिवार को गांव दर्शना में एक शोक में गया था। मुझे इस झगड़े का भी पता चला तो मैं दोनों पक्षों के लोगों को देखने भी गया। जिस युवक महेश ने हंगामा किया है, उसकी तो मैं खुद मां को देखने गया था और हालचाल भी पूछा था। पहले मैं उसके घर गया और बाद में दूसरे पक्ष के लोगों से भी बातचीत की। जैसे ही मेरी गाड़ियां वहां से चलने लगीं तो यह युवक मेरी गाड़ी के सामने आकर हंगामा करने लगा। खुद ही फेसबुक पर लाइव करने लगा। उसे शायद यह गलतफहमी हुई कि मैंने दूसरे पक्ष के लोगों को धारा 151 के तहत छुड़वाया है। मैं किसी तरह के कोई समझौते का दबाव नहीं डाला, न ही मारपीट की। मुझे मालूम हुआ है कि यह तीनों भाई इसी तरह से हंगामा करते हैं और लड़ते-झगड़ते रहते हैं। यह जानकारी भी मिली है कि मेरे कुछ विरोधियों के उकसाने पर इन लोगों से यह हरकत की है। मेरे सामने किसी ने आग नहीं लगाई थी। यह भी पता चला है कि यह लोग यहां के नहीं हैं और बाहर से आए हुए हैं।
-रामवीर उपाध्याय, पूर्व मंत्री व विधायक सादाबाद