न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
इस बार जिले में सौ प्रतिशत से अधिक गेहूं की खरीद हुई है। जिले के वेयर हाउस गेहूं को रखने के छोटे पड़ गए हैं। एफसीआई गोदाम से राशन की दुकानों पर वितरण होने वाले गेहूूं के उठने के बाद क्रय केंद्रों से पहुंच रहे गेहूं को जगह मिल पा रही है। जिले का खाद्य विपणन विभाग पंद्रह हजार क्विंटल गेहूं को उतरवाने के वेयर हाउस में सुरक्षित रखने की कोशिश में पूरी तरह जुटा हुआ है।
इस बार जिले के 53 क्रय केंद्रों पर गेहूं खरीद की शुरुआत एक अप्रैल से हुई थी। जिले की मंडियों में कोरोना के चलते गल्ला आढ़त बंद रही। इस बार गेहूं के मूल्य में शासन स्तर से पचास रुपये की बढ़ोत्तरी की गई। इस कारण अधिकांश किसानों ने क्रय केंद्रों पर गेहूं बेचा। उसके बाद तिथि बढ़ गई तो जिले के करीब 16 हजार तीन सौ 18 किसानों ने छह लाख 26 हजार क्विंटल क्रय केंद्रों पर बेचा।
वर्तमान में जिले के करीब दस क्रय केंद्रों ट्रकों से पर पंद्रह हजार क्विंटल गेहूं को एफसीआई पहुंचाने की कोशिश तेज हो गई है। मामले में डिप्टी आरएमओ राजेश कुमार का कहना है कि करीब पंद्रह हजार क्विंटल गेहूं अभी वेयर हाउस में पहुचना है। वहां से राशन के गेहूं का उठान हो रहा है। जगह खाली होने पर उसी स्थान पर गेहूं को रखवाया जा रहा है। इस बार पिछले साल से गेहूं खरीद भी ज्यादा हुई है। इस सप्ताह में गेहूं को पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं।