न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सासनी (हाथरस)
छुट्टा गोवंश, नील गाय, बंदर और जंगली सूअरों के आतंक ने किसानों की नींद हराम कर रखी है। फिलहाल तो जंगली सूअर किसान के लिए सबसे बड़ी चुनौती बने हुए हैं। किसान अपने खून-पसीने से फसल को सींचते हैं, लेकिन छुट्टा गोवंश और जंगली सूअर उनकी फसल को नष्ट कर देते हैं। कोतवाली क्षेत्र के गांव रुदायन में एक हफ्ते पहले एक महिला और एक पुरुष को जंगली सूअरों ने हमला घायल कर दिया था। इसे लेकर गांव में दहशत है।
किसानों ने रविवार की सुबह एकजुट होकर जंगली सूअरों के झुंड को रोकते हुए गांव के बाहर बनी चारदीवारी में बंद कर दिया। बड़ी संख्या में किसान मौके पर जमा हो गए। सूअर पकड़ने वालों को मौके पर बुलाकर सूअरों को उनके हवाले कर दिया। जानवरों के आतंक से किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें हैं। उन्हें रात भर जागकर फसलों की रखवाली करनी पड़ती है। संवाद