न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
कोरोना संक्रमण को लेकर प्रभावी लॉकडाउन के दौरान यात्री वाहनों व माल वाहक वाहनों का संचालन पूरी तरह बंद रहा। वाहन स्वामियों को राहत देने के लिए प्रदेश सरकार ने टैक्स में छूट देने का फैसला लिया है। यात्री वाहनों का अप्रैल मई का टैक्स माफ किया जाएगा। वहीं माल वाहनों को अप्रैल के टैक्स में छूट दी जाएगी। इससे जिले के करीब दस हजार वाहन स्वामियों को राहत मिलेगी। हालांकि इससे परिवहन विभाग को अच्छा खास नुकसान होगा।
उल्लेखनीय है लॉकडाउन में वाहनों का संचालन न होने के कारण ट्रांसपोर्ट कारोबार बेपटरी हो गया। कोरोना के भय से लोगों ने आना-जाना बंद कर दिया। कारण जिले में यात्री वाहन भी खड़े रहे। हाथरस सहित प्रदेशभर में मोटर यूनियन के पदाधिकारियों ने एआरटीओ कार्यालय में धरना-प्रदर्शन किया। संबधित एआरटीओ को टैक्स माफ कराने की मांग को लेकर ज्ञापन भी सौंपा। सरकार ने वाहन स्वामियों की समस्या को ध्यान में रखते हुए माल वाहनों का माह अप्रैल का यात्री वाहनों का अप्रैल और मई माह का दो महीने का टैक्स माफ करने का फैसला लिया है।
सरकार ने यह छूट मोटरयान अधिनियम 1977 के तहत दी है। इससे पहले सरकार ने लॉकडाउन की वजह से मार्च और अप्रैल का कर कर जमा करने वाले यात्री वाहनों को पांच प्रतिशत लगने वाली पेनल्टी में छूट दी थी। जिन वाहन संचालकों ने अप्रैल का कर जमा कर दिया है, उनके टैक्स को आगे समायोजित कर दिया जाएगा। एआरटीओ प्रशासन नीतू सिंह का कहना है कि शासन स्तर से अप्रैल मई का टैक्स माफ किया जाएगा। माल वाहनों के लिए अप्रैल के टैक्स में छूट दी जाएगी।