स्वास्थ्य केंद्र पर एचपीवी वैक्सीन लगवाने के लिए मौजूद किशोरियां। स्रोत : स्वास्थ्य विभाग
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सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए चलाए जा रहे एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) टीकाकरण अभियान में जिले ने प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। जिले में 10,632 किशोरियों को वैक्सीन लगाई गई है। इस रेस में हाथरस ने बरेली, बस्ती, लखनऊ, कानपुर, नोएडा, आगरा और अलीगढ़ को भी बहुत पीछे छोड़ दिया है।
सटीक तैयारी, व्यापक सोशल मोबिलाइजेशन और जमीनी स्तर पर फ्रंटलाइन वर्कर्स की कड़ी मेहनत की बदौलत हाथरस ने यह बड़ी उपलब्धि हासिल की है। अभियान के शुरुआती दौर में शानदार छलांग लगाते हुए जिला प्रदेश में तीसरे नंबर पर आया था।
अभियान की सफलता के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अपनी रणनीति में बदलाव किया। शुरुआत में जिला महिला अस्पताल और चुनिंदा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) तक सीमित रहने वाले इस टीकाकरण सत्र का दायरा बढ़ा दिया गया है। एसीएमओ डाॅ. राजीव गुप्ता ने बताया कि अब जिले के सभी प्राथमिक और उप-स्वास्थ्य केंद्रों पर भी एचपीवी के टीके मुफ्त लगाए जा रहे हैं।
आगरा मंडल की स्थिति पर नजर डालें तो आगरा में 4094, फीरोजाबाद में 2962, मैनपुरी में 2186 और मथुरा में 1427 किशोरियों को यह वैक्सीन लगाई गई, जबकि अलीगढ़ मंडल के अलीगढ़ में 1807, कासगंज में 333 और एटा में 2853 किशोरियों को टीका लगाया गया है। बात बड़े शहरों की करें तो लखनऊ में 4052, कानपुर नगर में 774 और नोएडा में 380 किशोरियों का टीकाकरण किया गया।
जागरूकता से दूर हुईं भ्रांतियां
शुरुआती दिनों में जागरूकता की कमी के कारण किशोरियों और उनके परिजनों में वैक्सीन को लेकर हिचकिचाहट थी, लेकिन स्वास्थ्य विभाग की माइक्रो-प्लानिंग ने पासा पलट दिया। आशा कार्यकर्ताओं और एएनएम ने घर-घर जाकर काउंसिलिंग और बैठकें की। अभिभावकों को समझाया कि यह टीका उनकी बेटियों के सुरक्षित भविष्य और कैंसर से बचाव के लिए जरूरी है। जागरूकता का परिणाम है कि अब रोजाना सैकड़ों किशोरियां खुद केंद्रों पर पहुंच रही हैं।
प्रदेश के टॉप पांच जिलों की स्थिति
हाथरस -10764
बरेली - 8316
बस्ती - 7647
सुल्तानपुर - 6226
सिद्धार्थनगर - 6178