संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
शहर, देहात और कस्बों में बिजली की लाइनें जर्जर हालत में है। इस कारण लोगों की पहुंच से बिजली दूर है। लोगों को हर रोज कई कई दिन और रात में बिना बिजली के रहना पड़ रहा है। बिना बिजली के लोगों के कामकाज प्रभावित हो रहे हैं। पर्याप्त बिजली न मिलने से लोगों में गुस्सा है। बृहस्पतिवार को करीब पांच घंटे लोगों बिजली संकट का सामना किया।
उल्लेखनीय है कि जिला मुख्यालय को 24 घंटे, तहसील मुख्यालय को 22 घंटे और देहात में 18 घंटे बिजली आपूर्ति का निगम स्तर से आदेश है। खास बात यह है कि बिजली चोरी को रोकने के लिए कई वर्ष पहले डाली गई बंच कंडक्टर लाइन वर्तमान में जर्जर हो गई। इस कारण जरा सा लोड पड़ने पर फॉल्ट हो जाते हैं। इस कारण लोगों को पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही है।
पर्याप्त बिजली न मिलने के कारण लोगों का कामकाज प्रभावित हो रहा है। बिना बिजली के लोगों को खासी मुश्किलों से जूझना पड़ रहा है। विभागीय अधिकारी इस समस्या पर कतई ध्यान नहीं दे रहे हैं। बृहस्पतिवार को शहर के ओढ़पुरा, कांशीराम टाउनशिप, जलकल संस्थान, प्रगतिपुरम आदि विद्युत उपकेंद्रों की लाइनों में फॉल्ट हो गए।
देहात के सलेमपुर, नगला रति, वाहनपुर, उघई आदि विद्युत उपकेंद्रों की लाइनों में ब्रेकडाउन हो गए। इस कारण शहर से देहात तक लोगों को पांच घटे बिना बिजली के रहना पड़ा। अधिशासी अभियंता सुभाष चंद्रा का कहना है कि लाइन में फॉल्ट आदि को जल्द से जल्द दूर करने के लिए कर्मी जुटे हुए हैं।
बिजली संकट थमन का नाम नहीं ले रहा है। कभी दिन में कभी रात में बिजली गुल होना आम बात हो गई है। लाइनें जर्जर होने के चलते बिजली आपूर्ति में बाधित हो रही है। लाइनों को जल्द बदला जाए, ताकि पर्याप्त बिजली मिल सके।
-पुनीत अग्रवाल
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जरा सी आंधी और बारिश में बिजली की लाइनों में फॉल्ट हो जाते हैं। विभाग को लाइनों के रखरखाव पर ध्यान देना चाहिए, ताकि आए-दिन हो रही बिजली कटौती से निजात मिल सके। बिजली संकट थमने का नाम नहीं ले रहा है।
-हर्षित ठाकुर
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बिजली व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है। लाइनें जगह-जगह झूल रही हैं। कई स्थानों पर लाइन जर्जर हालत में हैं। लाइनों को बदलाया जाए, ताकि आए-दिन बिजली गुल होने की समस्या से निजात मिल सके।
-राजीव शर्मा