न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
कोतवाली सदर इलाके के गांधी चौक घंटाघर स्थित एक मकान में हुई महिला की हत्या के मामले में पांच दिन बाद भी पुलिस खाली हाथ है। उनके गायब बेटे के बारे में भी पुलिस को अभी कोई सुराग नहीं लगा है। फिलहाल पुलिस बेटे की तलाश में जुटी है और जल्द ही इस मामले में तह तक पहुंचने की बात कह रही है।
गांधी चौक घंटाघर निवासी संजय अग्रवाल की पत्नी रीता अग्रवाल (50) का शव 23 मई को मंगलवार की रात्रि में उनके घर में बेड पर मिला था। घर के मेनगेट पर ताला लगा हुआ था। पुलिस ने मुख्य दरवाजे का ताला तोड़कर शव बरामद किया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी रीता की हत्या की पुष्टि हो चुकी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि उनकी हत्या तकिया से नाक और मुंह दबाकर की गई थी।
घर के एक कमरे में फांसी का फंदा भी मिला था, जिससे साफ होता है कि हत्यारे ने इस मामले को आत्महत्या का रूप देने के लिए रीता को फांसी पर लटकाने की कोशिश की होगी, लेकिन जब हत्यारा इसमें असफल रहा हो तो उसने दम घोंटकर उसकी हत्या कर दी होगी। रीता के पुत्र यशु को भी पुलिस अभी तक नहीं ढूंढ़ पाई है। कोतवाली सदर प्रभारी लोकेश भाटी ने बताया कि महिला की हत्या के मामले की विवेचना की जा रही है। उनके गायब बेटे का अभी कोई सुराग नहीं लगा है। तलाश जारी है। संवाद