फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाथरस : मात्र 12.5 फीसदी ही लोगों को लगा एहतियाती टीका

विज्ञापन
विज्ञापन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
विज्ञापन

जिले में कोरोना संक्रमण का ग्राफ बढ़ रहा है। सकारात्मक बात है कि जिले में टीकाकरण का ग्राफ 94 फीसदी से ज्यादा हो चुका है, लेकिन एहतियाती खुराक लगवाने के प्रति लोग अभी गंभीर नजर नहीं आ रहे हैं। जिले में अभी तक केवल 12.5 फीसदी लोगों को ही कोरोनारोधी टीके की एहतियाती खुराक लग पाई है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी इसको लेकर लोगों को काफी जागरूक कर रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्र में तो एहतियाती खुराक के प्रति लोग अंजान हैं।
18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के लोगों को एहतियाती खुराक लगवाने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा शासन के निर्देश पर जिले में 15 जुलाई को कोरोना की एहतियाती खुराक लगने की शुरुआत की गई। इसके लिए सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, जिला अस्पताल सहित 70 से 80 टीकाकरण केंद्र बनाए गए हैं। कोरोनारोधी टीकाकरण की सुविधा उपलब्ध करवाई गई है। जिले में टीके की दोनों खुराक ले चुके 94 फीसदी से अधिक लोगों ने एहतियाती खुराक नहीं लगवाई है।
विज्ञापन

अब ऐसे में लोगों को घर-घर ढूंढकर टीका लगाने की तैयारी है। जिले में बढ़ते कोरोना के मामलों को लेकर स्वास्थ्य विभाग इसकी तैयारी में है। कोरोना संक्रमण से राहत मिलने के बाद अब लोग भी लापरवाह हो गए हैं। यही कारण है कि तीसरी खुराक के तौर पर लगाए जा रहे एहतियाती खुराक को लेकर लोग गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं।
जिले में 12 लाख 50 हजार 393 से ज्यादा लोगों को दूसरी खुराक लग चुकी है। इनमें से ज्यादातर का छह माह से अधिक का समय पूरा हो चुका है। इसके बावजूद जिले भर में अब तक सिर्फ एक लाख 22 हजार 3837 लोगों को ही एहतियाती खुराक लगी है। संवाद
विज्ञापन

जिन लोगों को टीके की दूसरी खुराक लगवाए छह महीने से अधिक समय हो गया है, वह एहतियाती खुराक लगवा सकते हैं। कोरोना का खतरा अभी टला नहीं है। सभी को एहतियाती खुराक लगवा लेनी चाहिए। यह हमारी खुद की सुरक्षा और अपने परिवार की कोरोना से सुरक्षा की बात है।
-डॉ. विजेंद्र सिंह, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें