न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
कोरोना काल में आमजन के साथ रोडवेज के संविदा कर्मी खासे परेशान हैं। इन दिनों कोरोना के चलते मात्र पंद्रह से बीस बसों का सुबह से शाम तक संचालन हो रहा है। इस कारण बाकी बसें खड़ी हुई है। निगम में यह नियम है निर्धारित किलोमीटर पूरे करने पर ही कर्मियों को मानेदय दिया जाता है। अब करीब दो सौ कर्मियों संचालन न होने से वेतन के लाले पड़े हुए हैं। वहीं रोडवेज की इनकम गिरने से डिपो के अधिकारी भी परेशान हैं।
उल्लेखनीय है कि हाथरस डिपो में वर्तमान में 84 बसें हैं। इन बसों के संचालन में 250 कर्मी लगे हुए हैं। लंबे रूटों की बस सेवा पर दो चालक एक परिचालक चलते हैं। अब कोरोना की दूसरी लहर प्रचंड हुई तो निगम स्तर से यूपी से सटे अन्य राज्यों में बसों के संचालन पर प्रतिबंध लगा दिया।
लोकल भी यात्रियों के अभाव में पर्याप्त बसों का संचालन नहीं हो पा रहा है। कुल मिलाकर करीब दो सौ कर्मी काम पर नहीं आ रहे हैं। इस कारण उनको हर माह निर्धारित किलोमीटर पूरे करने पर मिलने वाले मानदेय को लेकर संकट के बादल मंडरा रहे हैं।