ओवरब्रिज निर्माण में लापरवाही ने बढ़ाई मुसीबत
वायु प्रदूषण रोकने का कोई इंतजाम नहीं, न हो रहा पानी का छिड़काव
अभी तक ओवरब्रिज की डिजायन भी नहीं की गई है सार्वजनिक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
हाथरस। शहर के तालाब चौराहे पर ओवरब्रिज निर्माण में काफी लापरवाही की जा रही है, जिससे न केवल आवागमन प्रभावित हो रहा है, बल्कि वहीं बनी दुकानों का कारोबार भी चौपट हो गया है। वायु प्रदूषण को रोकने के भी कोई इंतजाम नहीं है। धूल नहीं उड़े, इसके लिए पानी का छिड़काव तक नहीं किया जा रहा है। ऐसे में प्रदूषित वायु से लोग बीमार हो रहे हैं। अभी तक ओवरब्रिज की डिजायन को भी सार्वजनिक नहीं किया गया है, इसलिए लोगों में भ्रम है कि पुल कहां से शुरू होगा और कहां खत्म होगा।
उल्लेखनीय है कि शहर के तालाब रेलवे क्रॉसिंग पर लोगों को जाम के झाम से निजात दिलाने के लिए ओवरब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। निर्माणदायी संस्था द्वारा काम में हीलाहवाली बरती जा रही है। सुबह से शाम तक धूल उड़ती है, जिससे वायु प्रदूषण फैल रहा है। साथ ही मेडिकल, इलेक्ट्रोनिक्स और अन्य दुकानों पर कारोबार चौपट हो रहा है। दुकानदार हाथ पर हाथ रखकर बैठे हुए हैं। वायु प्रदूषण रोकने के भी पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं।
उड़ती धूल को रोकने के लिए पानी का छिड़काव तक नहीं कराया जा रहा है। खास बात यह है कि ओवरब्रिज निर्माण का काम अंतिम चरण में चल रहा है। इसके बाद भी पुल की डिजायन को सार्वजनिक नहीं किया गया है, इसलिए लोगों को यह आशंका है कि पुल कितने मीटर का है, कितना चौड़ा है। इसमें कोई फुट ओवर ब्रिज दिया जाएगा या नहीं। एप्रोच रोड कितना चौड़ा होगा। हर रोज लोग तरह तरह की शंकाओं के बीच आपस में चर्चाएं कर रहे हैं। निर्माण निगम के रामशंकर कहना है कि धूल न उड़े, इसके लिए पानी का छिड़काव कराया जाएगा। जल्द से जल्द काम को पूरा करने के प्रयास किए जा रहे हैं। जल्द आवागमन सुचारु होगा।