हाथरस। प्रदेश सरकार जिला मुख्यालयों पर 24 घंटे बिजली देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है, लेकिन बिजली चोरी इसमें आड़े आ रही है। हाथरस शहर में बड़े पैमाने पर बिजली चोरी हो रही है। यहां बिजली चोरी का ग्राफ 35 प्रतिशत पर पहुंच गया है। बिजली चोरी और लाइन हानि को रोकने के लिए अब युद्ध स्तर पर छापामारी की जाएगी। लाइन हानियां कम करने के लिए योजना भी तैयार कर ली गई है।
उल्लेखनीय है कि शहर में आधा दर्जन से अधिक बिजलीघरों से 33 हजार उपभोक्ताओं को बिजली की आपूर्ति की जाती है। बिजली अधिकारियों ने साफ शब्दों में कहा है जहां जितनी बिजली दी जा रही है, वहां से उसके अनुपात में ही राजस्व भी चाहिए। बिजली चोरी किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। शहर के 10 ऐसे फीडरों को बिजली अफसरों ने चिन्हित किया है, जहां बड़े पैमाने पर बिजली चोरी हो रही है।
इन फीडरों पर हो रही चोरी
हाथरस। कांशीराम टाउनशिप के फीडर नंबर चार, वाटर वर्क्स के जलेसर रोड, कोटा रोड के विभवनगर फीडर, कोटा रोड के बालापट्टी, नवीपुर बिजलीघर, हाथरस टाउन के रमनपुर, नवीपुर टाउन के विभवनगर, हाथरस टाउन के टाउन थ्री, गिजरौली फीडर के कलवारी रोड, कोटा सबस्टेशन के खोंड़ा हजारी आदि सबस्टेशनों से निकलने वाले फीडरों पर बिजली चोरी ज्यादा है। इन इलाकों में छापामारी की जाएगी।
बिजली चोरी को रोकने के लिए 10 फीडर के फीडरों को चयनित किया गया है। इनके क्षेत्रों में युद्ध स्तर पर छापामारी अभियान चलाया जाएगा।
-जगतराम, अधीक्षण अभियंता