न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सादाबाद (हाथरस)
दहेज में कार नहीं देने पर कस्बे में एक विवाहिता की फांसी लगाकर हत्या कर दी गई। बृहस्पतिवार को सादाबाद कोतवाली में मृतका के पिता ने बेटी के पति काव्य भारद्वाज, ससुर राजेंद्र प्रसाद व सास उर्मिला देवी निवासी कृष्णा नगर सादाबाद को नामजद किया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया।
गांव टर्रकपुर थाना खंदौली आगरा निवासी रामजी उपाध्याय पुत्र महेशचंद्र उपाध्याय ने बताया कि उसने अपनी पुत्री लक्ष्मी उपाध्याय का विवाह 26 नवंबर 2020 को काव्य भारद्वाज पुत्र राजेंद्र प्रसाद निवासी कृष्णा नगर सादाबाद के साथ किया था। शादी में उसने सात लाख ग्यारह हजार रुपये नकद सहित करीब 15 लाख रुपये खर्चा किया था, लेकिन लक्ष्मी के ससुराली के लोग दान दहेज से असंतुष्ट थे। वे लोग दहेज में बोलेनो गाड़ी की मांग कर रहे थे।
शादी के तीसरे दिन ही लक्ष्मी ने बताया कि उसके पति व सास ससुर दहेज से संतुष्ट नहीं हैं और गाड़ी मांग रहे हैं। इसके लिए वे लोग लगातार परेशान कर रहे हैं। शादी के पांच दिन बाद ही उनकी बेटी को सिर्फ साड़ी में बिना किसी जेवर के मायके भेज दिया। उन्होंने बिचौलिया शिव कुमार शर्मा से भी लड़की को परेशान करने की शिकायत की, लेकिन इसके बाद भी उनकी बेटी लक्ष्मी को तंग किया जाता रहा। काव्य धमकी भरे लहजे में उसकी बेटी से फोन पर बात करने लगा। जब वह पंचायत लेकर लक्ष्मी की ससुराल गया तो पंचायत में पांच लाख रुपये की मांग करने पर उन्होंने लक्ष्मी के ससुर को पांच लाख रुपये दे दिए। लेकिन कुछ समय बाद ही लक्ष्मी को फिर से वे लोग परेशान करने लगे।
रिपोर्ट में उन्होंने उल्लेख किया है कि लक्ष्मी ने अपनी छोटी बहन छाया को भी तीन दिन पहले की गई मारपीट के बारे में बताया। उसने बताया कि उसके पति व सास ससुर मिलकर उसे मारना चाहते हैं और रसोई में गैस खोलकर उसे बंद करने का प्रयास किया गया। छह जुलाई को लक्ष्मी ने छाया को बताया कि वेे लोग उसे जिंदा नहीं छोड़ेंगे।
छह जुलाई की शाम करीब सवा सात बजे बड़ी लड़की के ससुर शिव कुमार शर्मा का फोन आया कि उनकी बेटी लक्ष्मी की तबियत खराब है। सूचना जब वह मौके पर पहुंचे तो पता चला कि लक्ष्मी के सास ससुर व पति मौके से फरार हो चुके हैं। मकान के अंदर जाकर देखा तो उनकी पुत्री को फांसी लगाकर मार दिया गया था।