शिकोहाबाद क्षेत्र में ढाबे से पुलिस को चकमा देकर फरार हुआ क्षेत्र के गांव भुर्रका (सिकंदराराऊ) निवासी मानपाल यादव शातिर अपराधी दुर्गपाल उर्फ पापा यादव का भतीजा है। अपराध की दुनिया में किसी समय पापा यादव का नाम सुर्खियों में था। पापा के साथ मानपाल ने लूट, हत्या, डकैती और अपहरण की कई वारदातों को अंजाम दिया था और काफी समय तक दिल्ली की तिहाड़ जेल में भी रहा। दोनों ने पूर्वी उत्तर प्रदेश, मथुरा, आगरा, दिल्ली में लूट, हत्या, अपहरण, डकैती जैसे संगीत वारदात को अंजाम दिया। दोनों ने सबसे ज्यादा अपहरण की वारदात को अंजाम दिया था।
कुछ वर्ष पूर्व पापा को तो मथुरा पुलिस ने एनकाउंटर में मार दिया था, लेकिन मानपाल जेल में होने के कारण बचा रहा। कुछ दिन पूर्व उसे उन्नाव जेल में शिफ्ट किया गया था। सोमवार रात पुलिस गिरफ्त से भाग जाने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। आगरा से लेकर सिकंदराराऊ तक पुलिस मानपाल की तलाश में जुट गई। इधर, मानपाल का पैतृक गांव भुर्रका होने के कारण आश्ंाका जाहिर की जा रही है कि वह अपने गांव में हो सकता है। मंगलवार को शिकोहाबाद से पुलिस पार्टी आई और कोतवाली पुलिस के साथ गांव में दबिश दी, लेकिन मानपाल पुलिस के हाथ नहीं लग सका। बताते हैं कि फीरोजाबाद पुलिस ने मानपाल को लेकर जा रहे पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया है।
अलीगढ़, दिल्ली के थानों में दर्ज हैं नौ मुकदमे
सिकंदराराऊ। अलीगढ़ और दिल्ली के कई थानों में कुल नौ मुकदमे दर्ज हैं। इसका खुलासा उसके खिलाफ दर्ज कराई गई रिपोर्ट में भी हुआ है। रिपोर्ट के मुताबिक मानपाल पुत्र दामोदर पर अलीगढ़ के थाना देहली गेट में धारा 420, 396/412, 120 बी, अलीगढ़ के ही थाना टप्पल में धारा 302 और 307, अलीगढ़ के थाना देहली गेट में धारा 2/3 यूपी गुंडा एक्ट, थाना खैर में धारा 307, थाना टप्पल में धारा 307, 3/25 आर्म्स एक्ट थाना खैर अलीगढ़, थाना खैर अलीगढ़ में धारा 394 और दिल्ली के मंडली थाना में 364, 34 और 25 आर्म्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज है।