फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाथरस : कोरोना से बाहरी सब्जियों की आवक हुई कम, बढ़े दाम

विज्ञापन
विज्ञापन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
विज्ञापन

कोरोना संक्रमण के चलते मंडी में बाहरी सब्जियों की आवक कम हो गई है। इस कारण सब्जियों के दामों में उछाल भी आया है। लोगों को सब्जियां खरीदने में अधिक जेब ढीली करनी पड़ रही है। लोगों को स्थानीय फसल की सब्जी आने का इंतजार है। इसके बाद ही उन्हें बढ़ती कीमतों से राहत मिल सकेगी। जिले की मंडियों में आगरा, दिल्ली और अन्य जगहों से सब्जियों की आपूर्ति होती है। संक्रमण बढ़ रहा है तो दूसरे शहरों से सब्जियों की आवक भी कम हो गई है।
उल्लेखनीय है कि हाथरस मंडी में सब्जी की करीब 200 दुकानें हैं। बाहरी सब्जियों की आवक थमने से बाजार में सब्जियों के दाम आसमान पर पहुंच गए हैं। ज्यादातर सब्जियों के दामों में 10 से 30 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी हुई है।
विज्ञापन

ये हैं सब्जी के प्रति किलो दाम
भिंडी 50, टमाटर 20, काशीफल15, शिमला मिर्च 40, कटहल 40, नीबू 140, हरी मिर्च 30 रुपये, अरबी 40, तोरई 40, अदरक 50, कच्चे आम 60, फूलगोभी 25, धनिया 25, खीरा 10 रुपये, खुर्ती फरी 40, बैंगन 20, मूली 20, पोदिना तीस, टिंडे साठ, लहसन साठ, परवल 70 रुपये प्रति किलो बाजार में फुटकर में बिक रहा है।
गर्मी बढ़ने और कोरोना संक्रमण के चलते बाहरी सब्जियों की आवक कम है। इस कारण सब्जियों के रेटों में बढ़ोतरी हुई है। रेट बढ़ने से सब्जी की बिक्री भी प्रभावित है।
-कृष्ण कुमार, सब्जी विक्रेता
एक तो वैसे ही कोरोना संक्रमण के चलते लोगों के पास पैसे की कमी हो गई है। बाकी कसर सब्जियां के दामों में हुई वृद्धि पूरी कर रही है। गर्मी से बचाने वाला नीबू 140 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। खरीदने में सोचना पड़ रहा है।
-दीपांशु शर्मा, ग्राहक
इन-दिनों बाहर से सब्जियों की आवक हो रही है। स्थानीय सब्जी आने पर ही दामों में गिरावट आ सकेगी। गर्मी अधिक होने पर फिर सब्जी के रेट बढ़ेंगे। गर्मी में सब्जियां सूखती हैं।
विज्ञापन

-राजू, दुकानदार
सब्जी थाली का जायका बढ़ती है। इन-दिनों गर्मी से बचने के लिए लोग नीबू, खीरा, आदि सब्जियों का ज्यादा सेवन कर रहे हैं। सीजन की सब्जियां भी मंहगी हैं, इसलिए थाली का जायका बिगड़ा हुआ है।
-जेबी सिंह, ग्राहक
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें