न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
जिले के किसानों को अब मोबाइल नंबर की ओटीपी के आधार पर ही सहकारी समितियों और दुकानों से खाद मिल सकेगा। आधार कार्ड नहीं होने की स्थिति में किसानों को बैरंग नहीं लौटना पड़ेगा।
शासन स्तर से किसानों के लिए यह नई सुविधा शुरू की गई है। अब तक किसान यदि उर्वरक लेने जाते थे तो उनको अपना आधार कार्ड साथ लेकर जाना होता था। आधार कार्ड न होने की सूरत में किसानों को बिना खाद लिए ही लौटना पड़ता था। अब शासन स्तर से नई सुविधा शुरू की गई है।
इस सुविधा के तहत किसानों के आधार कार्ड में दर्ज मोबाइल नंबर पर ओटीपी देकर दुकानदार ओटीपी को सत्यापित करेगा और उसी आधार पर खाद दे सकेगा। आधार कार्ड नहीं होने की स्थिति में किसान को बैरंग नहीं लौटना होगा। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि इस संबंध में सभी समितियों व उर्वरक विक्रेताओं को निर्देशित कर दिया गया है। किसानों को भी जागरूक किया जा रहा है।