न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस/सहपऊ
पंचायत चुनाव के मतदान के दिन सहपऊ थाने में हुई तोड़फोड़, फायरिंग और आगजनी में उपद्रवियों के साथ दो पुलिसकर्मी भी संलिप्त थे। यह सनसनीखेज खुलासा सीओ सादाबाद की रिपोर्ट में हुआ है। इस पर एसपी ने सख्त कार्रवाई करते हुए इन दोनों पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। इन दोनों पुलिसकमियों ने उपद्रवियों को बचाने के मकसद से उनके साथ मिलकर वहां वीडियो बनाई थी।
उल्लेखनीय है कि 15 अप्रैल को पंचायत चुनाव के मतदान के दिन सहपऊ थाने में शाम को खासा उपद्रव हुआ था। गांव थरौरा के काफी लोगों ने एक युवक की मौत की झूठी सूचना पर थाना घेर लिया था और तीन घंटे तक थाने पर बवाल मचाया था। वहां कई पुलिसकर्मी मारपीट में घायल हुए थे। उपद्रवियों ने जमकर पथराव और फायरिंग की थी। काफी सामान क्षतिग्रस्त कर दिया था। कई घंटे बाद आला अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर हालात संभाले थे।
इस मामले की विभागीय जांच भी की जा रही थी। अब यह सनसनीखेज बात सामने आई है कि थाने का एक हेडकांस्टेबल और एक कांस्टेबल उपद्रवियों के साथ मिले हुए थे। यह दोनों उपद्रवियों को बचाने के मकसद से वहां वीडियो बना रहे थे। यह वीडियो आरोपियों के साथ मिलकर बना रहे थे कि जब इस मामले में मुकदमा लिखा जाएगा तो उपद्रव करने वालों की मदद हो जाएगी। इनकी उपद्रवियों के साथ संलिप्तता की जानकारी सीओ सादाबाद की रिपोर्ट में हुई है। सीओ सादाबाद की इस रिपोर्ट के आधार पर पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने मुख्य आरक्षी उपेंद्र यादव व आरक्षी अनिल यादव को निलंबित कर दिया है।