न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
शारदीय नवरात्र में अष्टमी को भक्तों के लिए दंडौती परिक्रमा की डगर कठिन होगी। इसकी मुख्य वजह यह है कि शहर के मुख्य देवी मंदिरों को जाने वाले मार्ग जर्जर हालत में है। अमृत योजना के तहत पाइप लाइन लाइन डालने के दौरान करीब 261 किलोमीटर सड़क खस्ताहालत में है। कहीं कहीं तो पाइप लाइन लीकेज के चलते जलभराव है।
उल्लेखनीय है कि शहर में अमृत योजना के तहत हर घर को नल से जल देने की योजना तैयार की गई। इस दौरान जलनिगम ने शहर के 22 हजार लोगों को कनेक्शनों का वितरण किया है। इसके लिए 261 किलोमीटर पाइप लाइन डाली गई है। इस दौरान कार्यदायी संस्था ने सड़कों की मरम्मत में अनदेखी की। इसका खामियाजा शहर के लोगों को भुगतना पड़ रहा है।
अब नवरात्र में अष्टमी को बौहरे वाली देवी, चामड़ गेट, रमनपुर आदि देवी मंदिरों के लिए जाने वाले मार्गों की हालत खराब है। इस कारण दंडौती देने वाले भक्तों को देवी के दरबार की डगर तय करने में कठिनाइयों से जूझना पड़ेगा। कई भक्त अष्टमी व नवमी को दंडौती परिक्रमा लगाते हैं। उन्हें और ज्यादा परेशानी झेलनी होगी। संवाद
नवरात्र की अष्टमी और नवमी को काफी भक्त देवी मंदिरों के लिए दंडौती परिक्रमा लगाते हैं। मंदिरों को जाने वाले मार्गोँ की हालत खस्ता है। ऐसे में दंडौती लगाने वाले भक्तों को काफी परेशानी होगी। कुछ ऐसे इंतजाम किए जाएं, जिससे भक्तों को परेशानी न हो।
-राहुल कुमार
अमृत योजना आमजन के लिए विष के समान साबित हो रही है। शहर के अधिकांश देवी मंदिरों को जाने वाले रास्तों की हालत खराब है। इस कारण दंडौती लगाने वाले भक्तों को परेशानी होगी। नगर पालिका प्रशासन मंदिर जाने वाले मार्गों पर मैट बिछवाएं।
-मुकुल वार्ष्णेय
अमृत योजना के तहत खोदी गई सड़कों की सही तरीके से मरम्मत नहीं की गई है। इस कारण अब लोगों को गंतव्य की दूरी तय करने में दिक्कतें हो रही है। अब नवरात्र में दंडौती लगाने वाले श्रद्धालुओं के लिए विशेष इंतजाम किए जाएं, ताकि मंदिर तक आसानी से पहुंच सके।
-महेश कुमार
अब लगातार त्योहार आ रहे है। त्योहारों को देखते हुए मार्गों की हालत दुरुस्त की जाए, ताकि आमजन को राहत मिल सके। अधिकांश मुख्य मार्ग जर्जर हैं। अब श्रद्धालुओं का ध्यान रखते हुए मार्गों को दुरुस्त कराया जाए, ताकि त्योहार के मौसम में भी राहत मिले।
-राजू