हाथरस: सिकंदरराऊ में जुलूस में मुंह पर कपड़ा बांधकर शामिल हुए युवक।
- फोटो : SIKANDHRA RAHU
हवा का रुख भांपने में नाकाम रहा प्रशासन
मुस्लिम नेताओं से बात करने के बाद शांति को लेकर बेफिक्र थे अफसर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिकंदराराऊ (हाथरस)
सिकंदराराऊ (हाथरस)। पुलिस का खुफिया तंत्र शुक्रवार को हुई घटना के बारे में पहले से जानकारी हासिल करने में पूरी तरह नाकाम रहा। पुलिस के अधिकारी मुस्लिम नेताओं से बात करने के बाद आश्वस्त हो गए कि अब ज्ञापन जामा मस्जिद पर ही दिया जाएगा, लेकिन हुआ इसके विपरीत।
बता दें कि ज्ञापन देने का प्रकरण कई दिन से चल रहा था। कोतवाली पर हुई शांति कमेटी की बैठक में जब मुस्लिम वर्ग ने कहा कि वे शुक्रवार को शांतिपूर्ण जुलूस निकालकर सीएए आदि के विरोध में ज्ञापन देंगे तो प्रशासन ने स्पष्ट कह दिया कि किसी तरह के जुलूस मार्च की इजाजत नहीं हैं। जिले में धारा 144 लगी हुई है।
इससे पूर्व सिकंदराराऊ के दो युवकों द्वारा सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट करने के दो आरोपी के खिलाफ कोतवाली पुलिस रिपोर्ट दर्ज कर संतुष्ट हो गई। भड़काऊ पोस्ट ने कस्बे के हंगामे के बारे में जानकारी दी, लेकिन पुलिस बल कुछ नहीं कर सका। पुलिसिया तंत्र यह भी पता नहीं लगा पाया कि ज्ञापन की आड़ में क्या तैयारी की जा रही है। गनीमत रही थी कि हालात समय रहते संभाल लिए गए, वरना स्थिति और गंभीर हो सकती थी। जिस तरह का माहौल शुक्रवार को नजर आया, इससे पहले ऐसा माहौल कभी नजर नहीं आया।