कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गया है। बीते शुक्रवार को छात्राओं के लिए गर्म किए गए दूध में छिपकली मिली। वार्डन ने बीएसए को भेजी शिकायत में सहायक रसोइया पर खाने के साथ मक्खी, चींटे व कीडे़ पकाने के आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है। बीएसए ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के लिए चार सदस्यीय टीम गठित कर दी है और उसे एक सप्ताह में जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय मुरसान की वार्डन शशिवाला ने बीएसए को शिकायत सौंपी है, जिसमें उन्होंने सहायक रसोइया पर विद्यालय की शिक्षिका एवं शिक्षणेतर स्टाफ और छात्राओं से साथ अभद्रता करने के आरोप लगाए हैं। इतना ही नहीं 28 अप्रैल को रसोइया द्वारा गर्म किए गए दूध में छिपकली निकली। इस दूध का सेवन अगर छात्राओं को कराया जाता तो कुछ भी हो सकता था। वार्डन ने यह भी कहा है कि सहायक रसोइया द्वारा तैयार किए गए भोजन में अक्सर चींटे, मक्खी और कीडे़ निकलते हैं।
बीएसए ने वार्डन के इन आरोपों को काफी गंभीरता से लिया है। उन्होंने इस मामले की जांच के लिए खंड शिक्षा अधिकारी मुरसान निशेष जार, खंड शिक्षा अधिकारी हाथरस जमुना प्रसाद सुमन, खंड शिक्षा अधिकारी सासनी अखिलेश कुमार यादव, डीसी बालिका शिक्षा गजेंद्रपाल एवं प्राथमिक विद्यालय रामगढ़ मुरसान की सहायक अध्यापिका सुनीता सिंह की संयुक्त टीम गठित की है। इस टीम को एक सप्ताह में जांच कर बिंदुवार अपनी सुस्पष्ट आख्या प्रस्तुत करने को कहा है, जिससे विधिवत रूप से कार्रवाई की जा सके।