हाथरस शहर में 35 वार्ड हैं। प्रत्येक वार्ड में एक टिपर व दो ई-रिक्शा दिए जाने हैं, लेकिन सीमित संसाधन होने के कारण अभी 10 वार्डों में 10 टिपर व 15 ई-रिक्शा उपलब्ध कराए गए हैं। इसके अतिरिक्त हर वार्ड में पांच-पांच कर्मचारी तैनात किए जाएंगे। ठेकेदार ने सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति शुरू कर दी है।
हाथरस नगर पालिका क्षेत्र में 10 वार्डों से घर-घर कूड़ा संग्रहण का कार्य शुरू किया जा चुका है। पिछले सप्ताह नगर पालिका अध्यक्ष श्वेता चौधरी ने पालिका परिसर से टिपर व ई-रिक्शा क्षेत्र में रवाना किए थे। दिल्ली की फर्म को ठेका दिया गया है, जिसने क्षेत्र में काम शुरू कर दिया है। धीरे-धीरे वाहन उपलब्ध होने के साथ ही सभी 35 वार्डों में कार्य शुरू कर दिया जाएगा, जिसके बाद लोगों से शुल्क वसूला जाएगा।
विज्ञापन
कूड़ा संग्रहण की निगरानी के लिए नगर पालिका पहली बार आईओटी (इंटरनेट ऑफ थिंग्स) तकनीक का इस्तेमाल करने जा रही है। पिछले वर्ष पालिका ने टेंडर उठाने का प्रयास किया था, लेकिन कोई कंपनी आगे नहीं आई थी। चौथी बार में इस वित्तीय वर्ष के लिए दो कंपनियों निविदा डाली थीं, जिनमें से एक फर्म को मानक अनुरूप ठेका दिया गया।
शहर में 35 वार्ड हैं। प्रत्येक वार्ड में एक टिपर व दो ई-रिक्शा दिए जाने हैं, लेकिन सीमित संसाधन होने के कारण अभी 10 वार्डों में 10 टिपर व 15 ई-रिक्शा उपलब्ध कराए गए हैं। इन वार्डों में कूड़ा संग्रहण शुरू हो चुका है। इसके अतिरिक्त हर वार्ड में पांच-पांच कर्मचारी तैनात किए जाएंगे। ठेकेदार ने सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति शुरू कर दी है। पर्याप्त वाहन व कर्मचारी होने पर सभी वार्डों में घर-घर से कूड़ा एकत्रित का काम शुरू हो जाएगा।
विज्ञापन
ईओ रोहित सिंह ने बताया कि दो महीने में शहर में कूड़ा संग्रहण का कार्य नियमित हो जाएगा। आवासीय भवनों से सुबह के समय तथा व्यावसायिक इलाकों से सुबह व शाम को कूड़ा एकत्रित किया जाएगा। गीला व सूखा कूड़ा अलग-अलग एकत्रित किया जाएगा, जिससे उसका सही प्रबंधन किया जा सके। व्यवस्था पूर्णत: लोगों होते ही लोगों से संग्रहण शुल्क वसूला जाएगा। इसके बाद सड़क पर कूड़ा डालने वालों से जुर्माना वसूला जाएगा।