आज संसद में पेश होने वाले आम बजट से जनता, व्यापारी और औद्योगिक क्षेत्र को काफी उम्मीदें हैं। जबरदस्त महंगाई, कई तरह के प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष करों का बोझ ढो रहे लोगों को राहत मिलने की आस है। हाथरस जिले के हींग, हस्तशिल्प, गारमेंट, चंदन-रोली कारोबारियों की नजरें बजट पर टिकी हैं।
टोल टैक्स को लेकर लोगों में लंबे समय से नाराजगी है। वाहन खरीदते समय भारी-भरकम वन टाइम रोड टैक्स अदा करने के बावजूद हाईवे पर टोल टैक्स वसूली ने आम लोगों को परेशान कर दिया है। व्यापारियों का कहना है कि यदि टोल टैक्स में कमी की जाए या कुछ दूरी तक इसे समाप्त किया जाए तो माल ढुलाई का खर्च कम होगा। इससे परिवहन लागत घटेगी और महंगाई पर भी अंकुश लगने की संभावना है।
औद्योगिक क्षेत्र की बात करें तो कंपनियों पर लगने वाले 25 प्रतिशत आयकर और छोटी साझेदारी फर्मों पर 30 प्रतिशत कर की दर को अधिक बताया जा रहा है। उद्योग जगत को उम्मीद है कि बजट में इन कर दरों में कटौती कर निवेश को बढ़ावा दिया जाएगा, जिससे नए उद्योग स्थापित होंगे और रोजगार के नए अवसर भी बढ़ेंगे।
आम उपभोक्ताओं की नजरें जीएसटी पर भी टिकी हैं। कई आवश्यक वस्तुओं को जीएसटी से मुक्त करने या उनकी कर दरों में कमी की मांग लगातार उठती रही है। यदि ऐसा होता है तो रोजमर्रा के इस्तेमाल की वस्तुएं सस्ती होंगी और आम आदमी को सीधी राहत मिलेगी।