गांव एदलपुर में पशुओं में खुरपका-मुंहपका रोग फैलने से पशुपालक चिंतित हैं। गांव में कई दुधारू पशु इस संक्रामक बीमारी की चपेट में आ गए हैं, जिससे न केवल पशुओं के स्वास्थ्य पर असर पड़ा है, बल्कि दुग्ध उत्पादन में भी भारी गिरावट आई है। बृहस्पतिवार को पशुपालन विभाग की टीम ने बीमार पशुओं की चिकित्सा की और पशुपालकों को आवश्यक दवाएं वितरित कीं।
पशुपालकों ने बताया कि बीते कुछ दिनों से पशुओं के मुंह में छाले, खुरों में घाव, तेज बुखार और चारा न खाने जैसी समस्याएं दिखाई दे रही हैं। दूध देने वाले पशुओं के बीमार होने से पशुपालकों को आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ रहा है।
गांव में भागीरथ सिंह, रमेश चंद्र, जितेंद्र चारग, अतुल चारग, गोपाल, मूला, मुन्नी सिंह, गिरीश, रनवीर सिंह, रघुवीर सिंह, मिस्सी, धीरी, ऊदल सिंह, मनोज, कामेंद्र आदि सहित कई पशुपालकों के बड़ी संख्या में दुधारू मवेशी पीड़ित हैं।
बृहस्पतिवार को युवा समाजसेवी जिला पंचायत सदस्य ईशान चौधरी, पिंकू मधुर, जेसी ब्लागर आदि की सूचना पर गांव में पशुपालन विभाग की टीम पहुंची और बीमार पशुओं का उपचार शुरू किया।
टीम में शामिल पशु चिकित्सक डॉ. जर्नादन ने बताया कि करीब 10 से 12 पशुओं की चिकित्सा की गई है। उन्होंने बताया कि गांव पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त टीमें भेजी जाएंगी, ताकि रोग को अन्य गांवों में फैलने से रोका जा सके। संवाद