हमलावर फरार, दहशत से घर में कैद कारोबारी का परिवार
बिसावर में बृहस्पतिवार रात 9.30 बजे घर पर हुई फायरिंग के बाद से चांदी कारोबारी का परिवार घर से बाहर नहीं निकला है। महिलाएं व बच्चे सहमे हुए हैं। कारोबारी ने जैसे-तैसे अपने सहयोगियों के साथ कोतवाली में तहरीर दी, जिसके बाद वे फिर से घर ही लौट आए और परिवार को हिम्मत बंधा रहे हैं।
मुबारक अपनी मां, पत्नी व दो बच्चों के साथ रहते हैं। इसी घर में उनका छोटा भाई, छोटे भाई की पत्नी व उनका बेटा भी रहते हैं। परिवार में तीनों बच्चे छोटे हैं, जिनमें दो स्कूल जाते हैं। देर रात ही मुबारक सादाबाद कोतवाली में तहरीर दे आए थे, जिसके बाद से वे घर में हैं। बृहस्पतिवार को रातभर परिवार जागता रहा। माहौल का सामान्य दिखाने के लिए मुबारक डरते-डरते बच्चों को स्कूल छोड़कर आए तथा दोपहर को लेकर आए। शुक्रवार देर शाम तक दोनों आरोपी फरार थे, जिससे परिवार के लोग दहशत में हैं।
बिसावर में दबंगई दिखाकर चौथ मांगता है योगेंद्र
कारोबारी मुबारक का कहना है कि उनका कोई हिसाब योगेंद्र या विवेक पर नहीं है। आरोप लगाते हुए कहा कि योगेंद्र गिरोह चलाता है और उस पर सादाबाद के अलावा बलदेव थाना, मथुरा, आगरा व राजस्थान के कई मुकदमे हैं। वहां दबंगई के बल पर कई दिनों से चौथ मांग रहा था। हालांकि मुबारक ने तहरीर में चौथ का जिक्र नहीं किया है। कारोबारी का आरोप है कि दो दिन पहले योगेंद्र ने कारोबारी को धमकाते हुए छोटे भाई को देख लेने की धमकी भी दी थी।
वेदप्रकाश हत्याकांड में शामिल था विवेक
व्यापारी के घर पर फायरिंग करने में शामिल खमानी गढ़ी का विवेक शहर के दिल्ली वाला चौक निवासी वेदप्रकाश की हत्या में शामिल था। पुलिस ने पांच मई को सासनी में हुई मुठभेड़ के दौरान विवेक उर्फ छोटू को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। मुठभेड़ में उसके बाएं पैर में गोली भी लगी थी, लेकिन डेढ़ महीने में वह सही हो गया और जेल से बाहर आते ही बेखौफ होकर फिर से आपराधिक घटनाएं करने लगा है।