खिटौली निवासी अभियुक्त प्रमोद व विष्णु पुत्रगण लाल बहादुर के भाई बबलू की वर्ष 2001 में हुई हत्या के मामले में मृतक डिप्टी सिंह व उसका पुत्र रवेंद्र जेल गए थे। इस कारण प्रमोद व विष्णु डिप्टी सिंह से रंजिश रखते थे। डिप्टी सिंह की हत्या कर अपने भाई बबलू की हत्या का बदला लेना चाहते थे। इसके चलते शातिर अपराधी प्रमोद ने अपने दोस्त लोकेश, कन्हैया व भाई विष्णु के साथ मिलकर 25 जुलाई को डिप्टी सिंह की हत्या करने की योजना बनाई।
प्रमोद स्वयं अलीगढ़ जिले के थाना क्वार्सी के हत्या के पुराने मुकदमे में जमानत तुड़वाकर 31 जुलाई को न्यायालय में हाजिर होकर जेल चला गया, जिससे डिप्टी सिंह की हत्या के बाद उनके परिजन उसके विरुद्ध नामजद मुकदमा दर्ज कराएं और वह मुकदमे से छूट जाए। इसी योजना के अनुसार उसने अभियुक्त विष्णु व लोकेश एवं कन्हैया के साथ मिलकर एक जुलाई को डिप्टी सिंह की गोली मारकर हत्या की थी।
मास्टर माइंड पर कई जिलों में दर्ज हैं मुकदमे
हत्याकांड में कुल चार आरोपियों के नाम प्रकाश में आए हैं। इनमें से आरोपी लोकेश व कन्हैया को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। आरोपी प्रमोद पूर्व से जेल में है। उसके विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जा रही है। विष्णु फरार है। एसपी ने बताया कि प्रमोद व विष्णु पूर्व में जेल जा चुके हैं। आरोपी प्रमोद के विरुद्ध जनपद हाथरस, अलीगढ़ व आगरा में हत्या, लूट व गैंगस्टर आदि के मुकदमे दर्ज हैं।