मौजूदा समय में ये मिल रहीं सुविधाएं
रेलवे ने स्पष्ट किया कि दिव्यांग, बौद्धिक दिव्यांग और 90 प्रतिशत या उससे अधिक दृष्टिबाधित यात्रियों को द्वितीय श्रेणी, शयनयान, प्रथम श्रेणी, थर्ड एसी, थर्ड एसी इकोनॉमी और एसी चेयर कार में 75 प्रतिशत तक किराये में रियायत दी जाती है, जबकि प्रथम एसी और द्वितीय एसी में 50 प्रतिशत छूट का प्रावधान है। आरटीआई के उत्तर में यह भी बताया गया कि राजधानी और शताब्दी एक्सप्रेस की थर्ड एसी एवं एसी चेयर कार में 25 प्रतिशत रियायत मिलती है, लेकिन वंदे भारत, गरीब रथ, प्रीमियम और स्पेशल ट्रेनों में किराया छूट का कोई प्रावधान नहीं है। इन ट्रेनों में दिव्यांग कोटे के तहत पूर्ण किराये पर सीट उपलब्ध कराई जाती है।
मासिक, त्रैमासिक सीजन टिकट पर सिर्फ 50 फीसदी छूट
इसके अलावा मासिक और त्रैमासिक सीजन टिकट (एमएसटी/क्यूएसटी) पर 50 प्रतिशत रियायत तथा पात्र दिव्यांग यात्री के साथ यात्रा करने वाले एक सहचर को भी समान छूट दी जाती है। सागर शर्मा का कहना है कि समय के साथ रेलवे सेवाएं बदली हैं, इसलिए दिव्यांग यात्रियों को मिलने वाली रियायतों की नीति में भी बदलाव किया जाना चाहिए।