संवाद न्यूज एजेंसी, सिकंदराराऊ।
राज्य सड़क परिवहन निगम के रंग में रंगी कई बसें जिले में खुलेआम डग्गामारी कर रही हैं। नगर के पंत चौराहे पर ऐसी बसें हर दिन यात्रियों को उतारती और चढ़ाती नजर आती हैं। यह बसें खुलेआम सरकारी राजस्व को चूना लगा रही हैं, लेकिन न तो रोडवेज, न परिवहन विभाग और न हीं पुलिस इस तरफ ध्यान दे रही है।
बता दें कि सिकंदराराऊ, एटा, अलीगढ़, हाथरस और कासगंज मार्ग पर निजी बसों के संचालन पर प्रतिबंध होने के कारण यहां केवल रोडवेज बसों का ही संचालन होता है। केवल त्योहार और खास मौकों पर ही यहां निजी बसों का संचालन होता है, लेकिन पिछले कुछ समय से रोडवेज बसों जैसे रंग की बसों का भी इन रूटों पर धड़ल्ले से संचालन हो रहा है।
इन बसों को बकायदा रोडवेज बसों के रंगों से रंगा गया है। यह बसें पूरी तरह रोडवेज की बसें नजर आती हैं। अलीगढ़ रोड पर आए-दिन परिवहन निगम के कर्मचारी बसों की चेकिंग करते हैं, लेकिन लेकिन उन्हें ये बसें नजर नहीं आतीं।
इसके साथ सिकंदराराऊ अलीगढ़ और एटा मार्ग पर इस तरह बसें जम कर सवारियां ढो रही हैं, जिससे निगम को लाखों रुपये प्रतिमाह की चपत लग रही है। हालांकि पंत चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस कर्मी पूरे दिन ड्यूटी देते हैं, लेकिन उन्हें भी यह बसें नजर नहीं आतीं।
जिस तरह धड़ल्ले से इन बसों का संचालन हो रहा है, उससे यह भी स्पष्ट है कि इन बस वालों को पुलिस या अन्य किसी का भय नहीं है। ये बसें बस स्टैंड में न जाकर, बोनेर बाईपास पर सवारियों को उतार देती हैं। इसके अतिरिक्त राजस्थान से बरेली तक, इटावा से फर्रुखाबाद से डीलक्स निजी बसेें दिल्ली तक धड़ल्ले से चल रही हैं।