सीएमओ कार्यालय में धरना देते एनएचएम संविदा कर्मी। संवाद
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राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत कार्यरत संविदा स्वास्थ्य कर्मियों के धरने पर अधिकारियों ने कड़ा रूप अपना लिया है। सीएमओ ने सभी एमओआइसी को निर्देश दिए, जिसके बाद सभी कर्मचारियों को व्यक्तिगत नोटिस देकर उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है। साथ ही संविदा समाप्त करने और अन्य विभागीय कार्रवाई की चेतावनी जारी की गई है।
हड़ताल के दूसरे दिन भी जिले भर के एनएचएम कर्मी भारी संख्या में सीएमओ कार्यालय परिसर में एकत्रित हुए। कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों और अधिकारों के समर्थन में प्रदर्शन किया और शासन व प्रशासन के खिलाफ आवाज बुलंद की। कर्मचारियों का कहना है कि जब तक उनकी जायज मांगों को पूरा नहीं किया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। सीएमओ डाॅ. वेदप्रकाश अग्रवाल का कहना है कि लगातार दो दिन अवकाश पर रहने के कारण सभी कर्मचारियों से स्पष्टीकरण मांगा गया है।
592 कर्मचारियों की हड़ताल से स्वास्थ्य सेवाएं बेपटरी
जिले में कुल 592 एनएचएम कर्मचारियों के एक साथ हड़ताल पर चले जाने से स्वास्थ्य सेवाओं पर बेहद प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। जिला अस्पताल से लेकर सामुदायिक व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मरीजों की देखभाल, टीकाकरण, जांच और आपातकालीन सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों से इलाज कराने आ रहे मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
विभाग ने थमाया नोटिस, नौकरी पर लटकी तलवार
स्वास्थ्य सेवाओं में आ रही बाधा को देखते हुए विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। बिना पूर्व सूचना या स्वीकृति के अनाधिकृत रूप से ड्यूटी से अनुपस्थित रहने पर हड़ताल में शामिल प्रत्येक कर्मचारी को नोटिस जारी किया गया है। विभागीय अधिकारियों ने कर्मचारियों से स्पष्टीकरण मांगते हुए तुरंत काम पर लौटने की हिदायत दी है। समय पर जवाब न देने या काम पर न लौटने की स्थिति में सेवा समाप्ति जैसी कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।