क्राइम न्यूज, अमर उजाला, हाथरस।
कोतवाली सदर क्षेत्र के बेनीगंज स्थित सरस्वती हॉस्पिटल में एक वृद्धा की इलाज के दौरान मौत हो गई। जिसे लेकर परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस को वृद्धा के परिजनों ने डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए तहरीर दी। यहां पर आईएमए के पदाधिकारी भी पहुंच गए और पुलिस के समक्ष चिकित्सक का पक्ष रखा।
हसायन के गांव मोहनपुरा निवासी हाल प्रोफेसर कॉलोनी निवासी अधिवक्ता राजेन्द्र कुमार की 75 वर्षीय मां गीता देवी को करीब चार दिन पहले दस्त की शिकायत हुई। उनको सांस लेने में दिक्कत भी थी। जिस पर परिजनों ने वृद्धा को शहर के बेनीगंज स्थित सरस्वती हॉस्पिटल में भर्ती कराया। यहां पर चार दिन तक उनका इलाज चला और गुरुवार की देरशाम को इलाज के दौरान वृद्धा की मौत हो गई। जिसके बाद परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा काटा। इस बात की जानकारी होते ही कोतवाल प्रवेश राणा मौके पर पहुँच गए। जिन्होंने परिजनों को शांत कराया। यहां पर गीतादेवी के परिजनों ने पुलिस को डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए तहरीर दी दी है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
वृद्धा की मौत के मामले में परिजनों ने डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए तहरीर दी है। तहरीर के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।
- प्रवेश राणा एसएचओ कोतवाली सदर
वृद्धा के इलाज में लापरवाही बरते जाने की बात निराधार है। वहीं लापरवाही के कारण मौत की बात भी गलत है। अगर परिजनों को ऐसा लगता है कि कहीं पर डॉक्टर की चूक के कारण वृद्धा की मौत हुई है तो शव का पोस्टमार्टम करा सकते हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट हो जाएगा।
- डॉ पंकज शर्मा, सचिव आईएमए।