कोतवाली सहपऊ पुलिस ने अलीगढ़ जिले की इगलास तहसील के गोंडा थाना क्षेत्र के गांव गहलऊ निवासी जितेंद्र उर्फ बिहारी पुत्र उदयवीर सिंह की हत्या का शुक्रवार को खुलासा कर दिया। जितेंद्र का शव सात जुलाई को क्षेत्र के गांव लोधई में बाजरा के खेत में मिला था।
पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर इस हत्याकांड से पर्दा उठाने का दावा किया है। पुलिस के मुताबिक लड़की को ले जाने की खुंदस निकालने के लिए इस हत्याकांड को अंजाम दिया गया। पकड़े गए आरोपी ने पूछताछ में छह अन्य लोगों के भी इस हत्याकांड में शामिल होने की जानकारी दी है। पुलिस इन सभी की सरगर्मी से तलाश कर रही है।
सहपऊ थाने के एसओ मोहम्मद असलम ने बताया कि गांव लोधई में बाजरा के खेत में सात जुलाई की सुबह एक लावारिस लाश मिली थी। लाश की शिनाख्त जितेंद्र उर्फ बिहारी के रूप में हुई थी। जितेंद्र स्कॉर्पियो गाड़ी लेकर निकला था। उसकी गाड़ी हाथरस में मंडी समिति के पास से लावारिस हालत में बरामद हुई थी।
पुलिस की छानबीन में इस हत्याकांड के तार उसके गांव से ही जुड़े। पुलिस ने एक आरोपी गंगाधर पुत्र निरंजन सिंह निवासी गहलऊ को मुखबिर की सूचना पर सादाबाद रोडवेज बस अड्डा के पास से उस समय पकड़ लिया, जब वह बस से कहीं जाने की फिराक में खड़ा था।
एसओ ने बताया कि आरोपी ने वारदात में शामिल अन्य छह आरोपियों के नाम भी पुलिस को बताए हैं। पुलिस के मुताबिक ड्राइवर जितेंद्र का छोटा भाई लोकेंद्र गांव में आरोपियों के परिवार की ही एक लड़की को दस अक्तूबर, 2015 को ले गया था। उसका आज तक कोई पता नहीं है। उसी के चलते उन्होंने जितेंद्र की गाड़ी को टूंडला ले जाने के लिए भाड़े पर लिया और पांच लोग गाड़ी में सवार हो गए।
रास्ते में इन लोगों ने ड्राइवर जितेंद्र का गला एक गमछा से घोंट दिया एवं उसकी लाश को लोधई गांव में बाजरा के खेत में फेंक दिया। दो दिन बाद ही यह लोग पुलिस के डर से अपना घर छोड़कर फरार हो गए।
एसओ मोहम्मद असलम ने बताया कि पूछताछ में पकड़े गए अभियुक्त ने सुभाष पुत्र कारे सिंह, राहुल पुत्र महेंद्र सिंह, दिगंबर उर्फ वीजू निवासीगण गहलऊ, शैतान सिंह पुत्र अमर सिंह निवासी मुरवार थाना गाेंडा जिला अलीगढ़ एवं शैतान के साले मुकेश के नाम भी इस हत्याकांड में लिए हैं। पुलिस इनकी सरगर्मी से तलाश कर रही है।