सिकंदराराऊ । फेसब़ुक पर प्यार और शादी के बाद मामला पुलिस थाने पहुंचने के मामले में श्रावस्ती की एडीजी की अदालत ने प्रेमी जोड़े को बड़ी राहत दी है। इनके प्रेम विवाह को अदालती मान्यता देने के बाद मंगलवार को श्रावस्ती पुलिस उन्हें कड़ी पुलिस सुरक्षा में सिकंदराराऊ लेकर पहुंची।
पूरी कहानी यूं है। कुछ दिनाें पहले सिकंदराराऊ का दिव्यांग युवक राजा ठाकुर फेसबुक पर चैटिंग के दौरान श्रावस्ती की 22 वर्षीय युवती अमृता के संपर्क में आया। वह बहराईच में रहकर पढ़ाई कर रही थी। चैटिंग के दौरान वे इतने नजदीक आ गए कि शादी का निश्चय कर लिया। इसके बावजूद युवती समझती थी कि उसके परिजन इसके लिए राजी नहीं होंगे। इस लिए युवती ने युवक को एक दिन श्रावस्ती बुला लिया। फिर उसके साथ सिकंदराराऊ आ गई और शादी कर दोनों रहने लगे।
उधर, श्रावस्ती में अमृता के गायब होने पर उसके परिजनाें ने अपहरण की रिपोर्ट दर्ज करा दी। जिसपर मामला वहां के एसटीएफ के सुपुर्द कर दिया गया। छानबीन में एसटीएफ को युवती के यहां छुपकर रहने की जानकारी मिली। तकरीबन सप्ताह भर पहले श्रीवस्ती के पुलिसकर्मी संजय दुबे के नेतृत्व में पुलिस टीम यहां पहुंची और अमृता और राजा को हिरासत में लेकर श्रावस्ती ले गई।
इनके वकील ने बताया कि डॉक्टरी जांच के बाद सोमवार को दोनों को श्रावस्ती की एडीजी की अदालत में पेश किया गया। लेकिन दोनों के बालिग होने के कारण जज ने शादी को मान्यता देते हुए पुलिस संरक्षण में उन्हें सिकंदराराऊ पहुंचाने के आदेश दिए।