अमर उजाला ब्यूरो, हाथरस।
थाना हाथरस जंक्शन में बयान दर्ज कराने जा रहे पिता-पुत्र ने कुछ लोगों पर रंजिशन जानलेवा हमला करने का आरोप लगाया है। शहर के मोहल्ला रमनपुर निवासी हरी सिंह ने इस संबंध में हाथरस जंक्शन पुलिस के शिकायत दर्ज नहीं होने पर हाथरस गेट पुलिस से शिकायत कर मुकदमा दर्ज करने की गुहार लगाई है। हरी सिंह को डीजीपी ने हाल ही में सुरक्षा मुहैया कराई थी।
आरटीआई कार्यकर्ता हरी सिंह का कहना है कि उन्होंने आरटीआई के जरिए शिक्षा विभाग में व्याप्त घोटालों का पर्दाफाश किया है। उनकी सूचनाओं के बाद फर्जी अंकतालिकाएं लगाकर नौकरी कर रहे कई शिक्षक, शिक्षिकाओं को बर्खास्त किया गया है। उनके बेटे ने भी फर्जी डिग्रीधारियों के विरुद्ध मुहिम छेड़ रखी है। यही वजह है कि उन्हें आरोपियों से जान का खतरा रहता है।
डीजीपी कार्मिक ने इसी वजह से हरी सिंह को सुरक्षा कार्ड मुहैया कराया है। हाल ही में उन्हें थाना हाथरस गेट से एक सुरक्षाकर्मी भी दिया गया था। एक मामले में हरी सिंह को रविवार को थाना हाथरस जंक्शन बयान दर्ज कराने जाना था। वह बेटे को लेकर थाने जा रहे थे। थाने के बाहर बर्खास्त होने के बाद फर्जीवाड़े में सजा काट चुकी एक महिला व उसके परिजनों ने उन पर हमला बोल दिया। दोनों पिता-पुत्र को जमकर पीटा गया। साथ मौजूद सुरक्षाकर्मी उन्हें नहीं बचा सका।
हरी सिंह का कहना है कि थाना हाथरस जंक्शन पुलिस ने उनकी शिकायत दर्ज नहीं की और टेंपो में बिठाकर हाथरस भेज दिया। हाथरस गेट पुलिस ने घटनास्थल नहीं होने के कारण मुकदमा दर्ज करने से इंकार कर दिया। वहीं हाथरस जंक्शन कोतवाली के निरीक्षक अनिल कुमार सिंह का कहना है कि उन्हें इस बारे में कोई शिकायत नहीं मिली है, शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।