ब्यूरो, अमर उजाला, हाथरस।
फीरोजाबाद जिले के नारखी थाना क्षेत्र के मूल निवासी बसंतलाल और उनकी पत्नी मीरा ने अपने एक दूर के रिश्तेदार पर संगीन आरोप लगाए हैं। दंपति की मानें तो रिश्तेदार ने उन्हें कम कीमत पर सब्जी बेचने के लिए ढकेल दिलवाने के लिए हाथरस बुलाया और फिर हैवानियत की हद पार कर दी। आरोपी ने दंपति को चाय में नशीला पदार्थ देने के बाद महिला के पर्स में रखे कुछ जेवरात और 22 हजार रुपये लूट लिए।
यही नहीं बसंतलाल को नशे की हालत में हाथ पैर बांधकर दो साथियों और एक ई-रिक्शा के जरिए जलेसर रोड तक पहुंचाया और फिर गंदे नाले में फेंक दिया। किसी तरह बचे दंपति ने शुक्रवार को सदर कोतवाली पुलिस से शिकायत की। पुलिस ने आरोपी को उसके घर से दबोच लिया है। इस मामले में पुलिस जांच की बात कह रही है। देर शाम तक पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज नहीं किया था।
बसंतलाल के मुताबिक पिछले कई सालों से उनका परिवार जलेसर में रह रहा है। वह हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव केशोपुर में एक भट्ठे पर ईंट पथाई का काम करते हैं। मजदूरी कर उन्होंने 22 हजार रुपये जोड़ लिए थे। सीजन ऑफ होने के कारण इस दशहरे पर भट्ठा कुछ महीने के लिए बंद हो गया। बसंतलाल ने खाली दिनों में रोजी-रोटी जुटाने के लिए जलेसर में सब्जी की ढकेल लगाने का मन बनाया। उनकी बहन के गिजरौली निवासी ननदोई ने कम कीमत पर ढकेल दिलाने की बात कहकर दंपति को अपने यहां बुला लिया।
21 जून को दंपति यहां आए और इसी रात को आरोपी ने चाय में नशीला पदार्थ पिलाकर वारदात को अंजाम दिया। बसंतलाल का कहना है कि नाले में फेंके जाने के बाद उन्होंने किनारे खड़ी घास को पकड़ लिया और किसी तरह वह नाले से बाहर निकले। उनकी पत्नी भी होश आने पर आरोपी के यहां से बच निकली। बसंतलाल ने कहा कि आरोपी उनकी पत्नी के साथ भी कोई वारदात कर सकता था। वारदात के बाद सकते में आए दंपति 22 जून को जलेसर लौट गए और शुक्रवार को उन्होंने कोतवाली पुलिस से शिकायत की। वहीं कोतवाल सूर्यकांत द्विवेदी के मुताबिक आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई है। इस मामले में गहराई से जांच की जा रही है। जांच के बाद ही आरोपी के विरुद्ध कोई कार्रवाई की जाएगी।