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हत्या के दो दोषियों को आजीवन कारावास की सजा
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एडीजे एफटीसी प्रथम कोर्ट ने सुनाया फैसला
अमर उजाला ब्यूरो
हाथरस। अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी प्रथम ने हत्या के एक मामले में दो आरोपियों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार भूदेव सिह पुत्र देवी राम निवासी गढ़ी धारू थाना हाथरस जंक्शन ने थाना हाथरस जंक्शन पर यह तहरीर दी कि छह मई, 2011 को शाम सात बजे वह शौच करके जब नरेंद्र के खेत के पास से सड़क पर गांव की ओर आ रहा था तो उसकी बेटी सोनिया और हेम प्रभा शौच को जा रही थी। तहरीर के मुताबिक देवेंद्र पुत्र रमेशचंद्र निवासी गढ़ी धारू थाना हाथरस जंक्शन और देवेंद्र का बहनोई सूरज उर्फ प्रेमशंकर पुत्र निहाल सिंह निवासी गांव जलालपुर थाना हाथरस जंक्शन मोटर साइकिल लिए खडे़ थे। तहरीर में कहा गया है कि सूरज ने इस दौरान सोनिया को जबरदस्ती पकड़ लिया और उठापटक करने लगा। इस पर जब सोनिया चिल्लाई तो देवेंद्र ने तमंचे से सोनिया को गोली मार दी। तदुपरांत दोनों मोटर साइकिल से भाग गए। सोनिया को घायल अवस्था में बागला अस्पताल लाया गया, वहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। इस मामले की रिपोर्ट थाना हाथरस जंक्शन पर दर्ज कराई गई। विवेचना के बाद विवेचना अधिकारी ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया। इस मामले की सुनवाई एडीजे एफटीसी कोर्ट संख्या प्रथम में हुई। दोनों पक्षों के तर्क सुनने के बाद एडीजी एफटीसी प्रथम सुरेंद्र मोहन सहाय ने देवेंद्र और सूरज को हत्या का दोषी माना। इन दोनों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। साथ ही इन्हें अर्थदंड भी देना होगा। अर्थदंड नहीं देने पर अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी एसएस चौहान ने पैरवी की।