अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या -1 महेंद्र श्रीवास्तव के न्यायालय ने गैरइरादतन हत्या के प्रयास के मामले में चार अभियुक्तों को दोषी मानते हुए तीन तीन वर्ष के कारावास व अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड न देने पर दोषियों को अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
अभियोजन पक्ष के अनुसार थाना सादाबाद के गांव नगला भंगड़ी निवासी रामहंस ने थाने में तहरीर देकर कहा कि 20 अगस्त 2007 को समय सुबह करीब आठ बजे वह अपनी दीवार में मिट्टी लगा रहा था, क्योंकि दीवार में बारिश का पानी जा रहा था। इतनी बात पर पड़ोसी हरिओम पुत्र हरदम प्रसाद, हरदम पुत्र खेम सिंह, हुकुम सिंह पुत्र भगवान सिंह, मुकेश पुत्र लायक राम गाली देकर बोले क्या कर रहा है।
जब रामहंस ने गाली देने से मना किया तो चारों ने लाठी-डंडों से बुरी तरह मारा-पीटा। मामले में थाना सादाबाद में मुकदमा दर्ज हुआ। विवेचक ने विवेचना पूर्ण करने के उपरांत संकलित साक्ष्य के आधार पर हुकुम सिंह, हरिओम, हरदम व मुकेश के विरुद्ध न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल कर दिया। इस मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-1 महेंद्र श्रीवास्तव के न्यायालय में हुई।
न्यायालय ने दोनों पक्षों को सुनने के उपरांत अभियुक्त हुकुम सिंह, हरिओम, हरदम व मुकेश को दोषी मानते हुए तीन-तीन वर्ष के कारावास व अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड न देने पर उन्हें अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी एडीजीसी राजपाल सिंह दिसवार ने की। संवाद