कोतवाली सहपऊ क्षेत्र में विधानसभा चुनाव 2017 के दौरान सपा-बसपा समर्थकों में हुए झगड़े में बसपा समर्थक पुष्पेंद्र की हत्या के मामले में सभी 16 आरोपियों को कोर्ट ने बरी कर दिया है। मामले में पूर्व विधायक देवेंद्र अग्रवाल समेत 17 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर की थी। फैसले के खिलाफ अभियोजन पक्ष इलाहबाद उच्च न्यायालय जाएगा।
2017 विधानसभा चुनाव में कोतवाली सहपऊ क्षेत्र अंतर्गत सपा-बसपा समर्थकों के बीच झगड़ा हुआ था। जिसमें बसपा समर्थक पुष्पेंद्र की हत्या हो गई थी। मामले में पूर्व विधायक देवेंद्र अग्रवाल समेत 17 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर की गई थी। आरोप पत्र में पूर्व विधायक देवेंद्र अग्रवाल, उनके भाई राकेश अग्रवाल, रिश्तेदार धर्मेंद्र अग्रवाल, चंदन अग्रवाल, अतुल अग्रवाल, पूर्व ब्लॉक प्रमुख सहपऊ विनीत गुप्ता, रनवीर यादव, कैलाश ठेनुआ, रानू सिसौदिया, रवि पहलवान, रिंकू ठाकुर, राकेश मंस्या, गुरुमुख चौधरी, सौरभ अग्रवाल, दीप वार्ष्णेय, श्याम गुप्ता, संजीव गुप्ता के नाम शामिल थे।
इसी बीच रनवीर अग्रवाल की मौत हो गई थी। हाथरस की एमपी-एमएलए कोर्ट ने 16 आरोपियों को लेकर सात साल बाद फैसला दिया है। पूर्व विधायक देवेंद्र अग्रवाल, उनके भाई राकेश अग्रवाल, रिश्तेदार धर्मेंद्र अग्रवाल, चंदन अग्रवाल, अतुल अग्रवाल, पूर्व ब्लॉक प्रमुख सहपऊ विनीत गुप्ता, कैलाश ठेनुआ, रानू सिसौदिया, रवि पहलवान, रिंकू ठाकुर, राकेश मंस्या, गुरुमुख चौधरी, सौरभ अग्रवाल, दीप वार्ष्णेय, श्याम गुप्ता, संजीव गुप्ता को बरी कर दिया है।