तेज हवाओं के साथ मंगलवार की शाम करीब पांच बजे आई आंधी के दौरान चंदपा और बामौली फीडर तकनीकी खराबी के चलते ठप हो गए। दोनों फीडरों से जुड़े 20 गांवों की बिजली ठप हो गई। करीब 16 घंटे बाद बुधवार की सुबह करीब नौ बजे बिजली बहाल हो सकी।
बिना बिजली के पूरी रात लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। सुबह पानी के संकट से दो-चार होना पड़ा। पानी के लिए लोग हैंडपंप पर कतार लगाते नजर आए। मंगलवार की शाम करीब पांच बजे तेज हवाओं के साथ आई बारिश के दौरान मीतई बिजलीघर से जुड़े चंदपा व बामौली फीडरों की बिजली ठप हो गए।
रात भर बिजली न आने से गर्मी के कारण लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। घरों में लगे इन्वर्टर जवाब दे गए। ऐसे में पंखे और कूलर की हवा न मिलने पर लोगों को खुले में रात काटनी पड़ी। मुख्य रूप से चंदपा, रोहई, पाराशर, नगला बरी, नगला मंशा, नगला मोतीराय, चाचपुर, भटेला, अर्जुनपुर, बामौली, खेड़िया, महमूदपुर ब्राह्मणान, नगला भुस, बिसाना, केवल गढ़ी, संटीकरा, गढ़ी कछवाहा, बघना, परसौली, बूलगढ़ी, झींगुरा के अलावा बामौली और चंदपा फीडर के तहत आने वाले गांव प्रभावित हुए।
बामौली व चंदपा फीडर की आपूर्ति में मंगलवार की शाम को दिक्कत आई थी। 20 गांवों में रातभर बिजली ठप रही। सुबह करीब नौ बजे सभी जगह आपूर्ति बहाल कर दी गई।
-विश्वेंद्र चौहान, अधिशासी अभियंता ग्रामीण, हाथरस।